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विराट कोहली की टीम को तगड़ा झटका! होम ग्राउंड पर फाइनल खेलने का सपना टूटा, यहां शिफ्ट हो गया IPL फाइनल

IPL 2026 Final Venue Shift: विराट कोहली की टीम रॉयल चैलेंजर बैंगलुरु (RCB) को बड़ा झटका लगा है. उनके होम ग्राउंड एम चिन्नास्वामी स्टेडियम के हाथ से IPL फाइनल की मेजबानी छीन ली गई है. इसकी वजह ‘पास’ की मांग बताई जा रही है. बताया जा रहा है कि नियम से अधिक पास मांगे जाने की वजह से यह निर्णय लिया गया है. अब IPL का फाइनल मुकाबला 31 मई को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला जाएगा.

IPL 2026 का फाइनल बेंगलुरु में होना था, क्योंकि RCB डिफेंडिंग चैंपियन है. लेकिन पास की ज्यादा मांग और दर्शकों की क्षमता कम होने की वजह से IPL कमेटी ने बेंगलुरु की एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में फाइनल मुकाबला कराने से मना कर दिया.

इस संबंध में IPL चेयरमैन अरुण धूमल ने बताया कि IPL के फाइनल मुकाबले में पास की मांग ज्यादा थी. एम चिन्नास्वामी स्टेडियम की क्षमता कम होने की वजह से बेंगलुरु में फाइनल मुकाबला कराना मुमकिन नहीं था. यहां सिर्फ 35 हजार दर्शक ही आ सकते हैं.

क्या कहता है नियम?

IPL में पास को लेकर अलग नियम है. जिसके मुताबिक कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन को स्टेडियम की क्षमता के 15 प्रतिशत पास ही मिल सकते हैं, लेकिन उसकी तरफ से 10,057 पास की मांग की गई थी. इसमें से 900 पास तो सिर्फ विधायकों की मांग पूरा करने के लिए किये गए थे.

नियम के हिसाब से कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन को सिर्फ 5550 पास ही मिल सकते थे, लेकिन एसोसिएशन की तरफ से दोगुने पास की मांग की जा रही है. जिसको देखते हुए बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम से IPL फाइनल की मेजबानी छीन ली गई.

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अगर कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन की मांगों को माना जाता तो फिर दर्शकों के लिए 20 हजार ही टिकट बचते. जिसको देखते हुए बेंगलुरु से वेन्यू को शिफ्ट कर अहमदाबाद ले जाया गया.

-भारत एक्सप्रेस

Govind Kumar Singh

मैं गोविंद सिंह हूं और मूल रूप से बिहार के कैमूर की पहाड़ियों वाले इलाके से आता हूं। मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई वाराणसी के उदय प्रताप कॉलेज से हुई। इसके बाद मैंने पटना कॉलेज, पटना से मास कम्यूनिकेशन में ग्रेजुएशन किया। पढ़ाई पूरी करने के बाद मैंने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत की और अलग-अलग संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा। अपने पेशेवर सफर में मुझे ईटीवी भारत, इनशॉर्ट्स और श्यामा प्रसाद मुखर्जी रिसर्च फाउंडेशन जैसे संस्थानों के साथ काम करने का अवसर मिला। इन जगहों पर काम करते हुए मैंने रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचारों की प्रस्तुति से जुड़ी कई महत्वपूर्ण बातें सीखीं। फिलहाल मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं। यहां मेरी मुख्य रुचि विदेश, राजनीति और बिहार से जुड़ी खबरों को कवर करने में है।

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