Ayodhya/Manmeet Gupta: अयोध्या की गलियों में आज हवा का मिजाज बदला हुआ है. फिजाओं में सिर्फ भक्ति नहीं, बल्कि अबीर-गुलाल की खुशबू भी घुल गई है. मौका है ‘रंगभरी एकादशी’ का, और इसी के साथ रामनगरी में होली के त्योहार का भव्य आगाज हो गया है. वैसे तो पूरे देश में होली का खुमार चढ़ने में अभी कुछ दिन बाकी हैं, लेकिन अयोध्या के सिद्ध पीठ हनुमानगढ़ी के नागा साधुओं ने आज से ही इस उत्सव की शुरुआत कर दी है.
मान्यता है कि त्रेतायुग में आज ही के दिन पवनपुत्र हनुमान ने प्रभु श्री राम के दरबार में होली खेली थी. उसी परंपरा को जीवंत रखते हुए आज हनुमानगढ़ी से नागा साधुओं की एक विशाल टोली निकली. ये साधु अपने आराध्य हनुमान जी के ‘निशान’ (प्राचीन ध्वज) को लेकर सड़कों पर उतरे और जमकर अबीर-गुलाल उड़ाया. ढोल-नगाड़ों की थाप पर थिरकते साधु-संतों को देखकर ऐसा लग रहा था मानो साक्षात देवता स्वर्ग से उतर आए हों.
यह सिर्फ एक जुलूस नहीं, बल्कि एक आस्था की यात्रा है. महंत संजय दास के नेतृत्व में साधुओं की यह टोली पांच कोस की परिक्रमा कर रही है. परंपरा के अनुसार, ये साधु रास्ते में पड़ने वाले हर मंदिर में जाते हैं, वहां भगवान के विग्रहों (मूर्तियों) को गुलाल अर्पित करते हैं और उन्हें होली का औपचारिक निमंत्रण देते हैं.
सबसे खास पल तब होगा जब यह टोली राम जन्मभूमि मंदिर पहुंचेगी. वहां नवनिर्मित मंदिर में विराजमान रामलला के साथ नागा साधु होली खेलेंगे. श्रद्धालुओं के लिए यह नजारा भावुक करने वाला है, क्योंकि भव्य मंदिर बनने के बाद यह होली और भी ज्यादा उत्साह से भरी हुई है.
अयोध्या आई संगत और स्थानीय लोग भी इस रंग में पूरी तरह रंगे नजर आ रहे हैं. सड़कों पर चारों तरफ बस लाल-गुलाबी गुलाल उड़ रहा है. बुजुर्ग हों या बच्चे, हर कोई नागा साधुओं की इस टोली के साथ कदम से कदम मिलाकर चल रहा है.
अयोध्या की यह होली इसलिए भी खास है क्योंकि यहां धर्म और उत्सव एक साथ चलते हैं. संतों का मानना है कि रंगभरी एकादशी से शुरू हुई यह होली अब अगले कई दिनों तक यूं ही जारी रहेगी.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
RSS के प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने यूजीसी के समानता विनियम-2026 को असंतुलित बताया. संघ…
Prayagraj Film Festival 2026: इंटरनेशनल प्रयागराज फिल्म फेस्टिवल 2026 का भव्य समापन एमएनआईटी ऑडिटोरियम में…
चंडीगढ़ में अमित शाह ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए 1984 सिख…
चौरी-चौरा में 288 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास कार्यक्रम में मुख्यमंत्री…
अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIA) के इनक्यूबेशन सेंटर AIIA-iCAINE ने अपने छठे स्थापना दिवस पर…
महात्मा ज्योतिबा फूले रूहेलखंड विश्वविद्यालय ने कई बड़े फैसले लिए हैं. अब विश्वविद्यालय की डिग्री…