हैलो, मैं माननीय मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश के कार्यालय से बोल रहा हूं. आपके प्रदेश के एक नागरिक अपनी समस्या लेकर यहां आए हैं. यह आपसे मिलेंगे. कृपया इनकी समस्या का समाधान कराने का कष्ट करें. उत्तर प्रदेश के बाहर के राज्यों के अधिकारियों के पास प्रायः ऐसे फोन यहां से किए जाते हैं, क्योंकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘जनता दर्शन’ में न सिर्फ उत्तर प्रदेश, बल्कि अन्य राज्यों के पीड़ित भी निरंतर पहुंच रहे हैं.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ‘जनता दर्शन’ में हर पीड़ित के पास स्वयं पहुंचते हैं. उनकी समस्या सुनते हैं और निराकरण के लिए संबंधित राज्य से संपर्क स्थापित करने का आदेश अपने कार्यालय को देते हैं. अक्टूबर 2024 से अप्रैल 2025 के बीच यूपी के बाहर के 65 फरियादी ‘जनता दर्शन’ व प्रवास के दौरान योगी आदित्यनाथ से मिले.
इन सभी की शिकायत उनके गृहराज्य के आलाधिकारियों तक पहुंचाई गई. ऐसी कार्रवाई की बदौलत ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ‘जनता दर्शन’ नजीर बन गया है. अन्य राज्यों के नागरिक भी मानते हैं योगी हैं तो यकीन है. समाधान पाकर खिले चेहरे सीएम योगी का धन्यवाद करने भी आते हैं.
सर्वविदित है कि उत्तर प्रदेश के पीड़ितों की समस्याओं को दूर करने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समय-समय पर जनता दर्शन करते हैं. वे पीड़ितों की समस्या को सुनते हैं और निराकरण कराते हैं. प्रार्थना पत्रों पर सीएम योगी की कार्रवाई नजीर बनती है. योगी आदित्यनाथ लखनऊ स्थित सरकारी आवास पर समय-समय पर स्वयं जनता दर्शन करते हैं. साथ ही गोरखपुर प्रवास के दौरान प्रतिदिन जनता से मुखातिब होते हैं.
उनकी दिनचर्या ही जनता से मिलने से प्रारंभ होती है. पिछले साढ़े छह महीने में बिहार, तेलंगाना, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, ओडिशा, असम समेत कई राज्यों के 65 फरियादी जनता दर्शन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुखातिब हुए. मुख्यमंत्री ने इनकी समस्याएं सुनीं और समाधान के लिए संबंधित राज्यों तक इसे प्रेषित कराया.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ फरवरी के प्रथम सप्ताह में उत्तराखंड दौरे पर गए थे. वहां पौड़ी गढ़वाल के विथ्याणी गांव के पूर्व सैनिक महेंद्र सिंह नेगी ने सीएम को प्रार्थना पत्र सौंपा. ठांगर ग्राम पंचायत में एएनएम सेंटर के उच्चीकरण संबंधी पत्र भी सीएम को सौंपा गया. उत्तराखंड की ही रुचि ने चिकित्सा संबंधी आर्थिक सहायता की गुहार लगाते हुए सीएम योगी को पत्र सौंपा.
यमकेश्वर विकास खंड के एक मंदिर समिति के अध्यक्ष रूपचंद्र लखेड़ा ने सीएम योगी को सड़क निर्माण कराने के लिए प्रार्थना पत्र सौंपा. सीएम ने सभी प्रार्थना पत्रों का संज्ञान लेते हुए उत्तराखंड प्रशासन को पत्र प्रेषित कर पीड़ितों को न्याय दिलाने का आग्रह किया.
सीएम योगी के पास फीस माफी, चिकित्सा, पुलिस, पढ़ाई में मदद, मंदिर निर्माण, पैतृक विवाद संबंधी कई फरियाद पहुंची. मध्य प्रदेश के सीधी के राजगढ़ कोठार की प्रीतू साहू ने गंभीर बीमारी के इलाज के लिए गुहार लगाई. बिहार के पश्चिमी चंपारण के माधोपुर प्रखंड की प्रियम प्रीति ने राहत कोष से सहायता राशि दिलाने का अनुरोध किया. इसके अलावा ओडिशा, बिहार से मंदिर जीर्णोद्धार, तेलंगाना, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा आदि राज्यों से भी आए लोगों की शिकायतों को सीएम योगी ने सुना. छात्रा निष्ठा साहनी ने राजस्थान में फीस माफी के लिए भी गुहार लगाई.
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-भारत एक्सप्रेस
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