अजब-गजब

लड़के वाले बने ग्रामीण और लड़की वाले बने पड़ोसी! बिहार में आधी रात को हुई अनोखी शादी

Muzaffarpur News: कहते हैं कि प्यार जब सच्चा हो तो कोई भी दीवार उसे रोक नहीं सकती. ऐसा ही एक वाकया बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से सामने आया है. जहां एक प्रेमी जोड़े को चोरी-चोरी मिलते देख ग्रामीणों ने उन्हें पकड़ लिया, लेकिन उनके साथ हिंसा करने के बजाय ग्रामीणों और परिजनों ने मिलकर दोनों की शादी कराकर मिसाल पेश की है. दोनों के बीच लंबे समय से अफेयर चल रहा था.

जानकारी के मुताबिक युवक की पहचान रूपेश कुमार और युवती की मुस्कान कुमारी के रूप में हुई है.

यह मामला जिले के सरैया प्रखंड के जैतपुर थाना क्षेत्र का है. जहां एक युवक और युवती रात के अंधेरे में एकांत जगह पर बैठकर बातचीत कर रहे थे. तभी स्थानीय ग्रामीणों ने उन्हें घेर लिया और उनका नाम पता पूछा. पूछताछ में पता चला कि दोनों आसपास के गांवों के हैं और पिछले एक साल से एक दूसरे से प्यार करते हैं.

दोनों के परिजनों को मौके पर बुलाया

जिसके बाद ग्रामीणों ने दोनों के परिजनों को मौके पर बुलाया और दोनों की शादी कराने की बात कही. जिसपर दोनों के परिजन राजी हो गए. जिसके बाद पास के एक शिव मंदिर में ग्रामीणों ने पंडित बुलाकर विवाह करा दी. इस शादी में पूरा गांव शामिल हुआ. कुछ ग्रामीण लड़के के पक्ष से तो कुछ ग्रामीण लड़की की तरफ से हो गए.

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जिसके बाद पंडित ने हिंदू रीति-रिवाज से दोनों को बीच विवाह करा दिया. रूपेश और मुस्कान ने वैदिक मंत्रोचार के बीच सात फेरे लेकर पति-पत्नी के पवित्र रिश्ते में बंध गए.

सोशल मीडिया पर हुई मुलाकात

शादी के बाद रूपेश कुमार ने बताया कि दोनों की मुलाकात सोशल मीडिया के जरिये हुई. पहले दोस्ती हुई फिर यह दोस्ती प्यार में बदल गई. उन्होंने कहा कि वे इस शादी से बेहद खुश हैं और जीवन भर मुस्कान के चेहरे पर मुस्कान रखने का वादा करते हैं. अब यह शादी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है.

-भारत एक्सप्रेस

Govind Kumar Singh

मैं गोविंद सिंह हूं और मूल रूप से बिहार के कैमूर की पहाड़ियों वाले इलाके से आता हूं। मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई वाराणसी के उदय प्रताप कॉलेज से हुई। इसके बाद मैंने पटना कॉलेज, पटना से मास कम्यूनिकेशन में ग्रेजुएशन किया। पढ़ाई पूरी करने के बाद मैंने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत की और अलग-अलग संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा। अपने पेशेवर सफर में मुझे ईटीवी भारत, इनशॉर्ट्स और श्यामा प्रसाद मुखर्जी रिसर्च फाउंडेशन जैसे संस्थानों के साथ काम करने का अवसर मिला। इन जगहों पर काम करते हुए मैंने रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचारों की प्रस्तुति से जुड़ी कई महत्वपूर्ण बातें सीखीं। फिलहाल मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं। यहां मेरी मुख्य रुचि विदेश, राजनीति और बिहार से जुड़ी खबरों को कवर करने में है।

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