प्राइमइन्फोबेस डॉट कॉम (Primeinfobase.com) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, विदेशी निवेशकों ने नवंबर की दूसरी छमाही में 809 करोड़ रुपये का निवेश किया, जबकि पहली छमाही में 22,400 करोड़ रुपये से अधिक की निकासी की.
उन्होंने वित्तीय सेवाओं और आईटी शेयरों को प्राथमिकता दी, जबकि तेल और गैस तथा ऑटो शेयरों में सबसे अधिक शुद्ध निकासी हुई.
वित्तीय सेवाओं के शेयरों में 9,597 करोड़ रुपये की खरीदारी हुई, जबकि आईटी शेयरों में 2,429 करोड़ रुपये की खरीदारी हुई. इसके विपरीत, आंकड़ों से पता चलता है कि तेल और गैस शेयरों में 6,132 करोड़ रुपये की बिक्री हुई.
आईटी में खरीदारी अमेरिकी अर्थव्यवस्था के लिए सकारात्मक दृष्टिकोण से प्रेरित थी, जो घरेलू सॉफ्टवेयर निर्यातकों के लिए महत्वपूर्ण राजस्व जनरेटर है. बैंकिंग शेयरों में भी दोहरे अंकों की वृद्धि की संभावनाओं और भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा नीतिगत दरों में ढील की उम्मीदों के कारण बढ़त देखी गई.
बैंकिंग शेयर फिर से एफपीआई (FPI) के पसंदीदा बन गए हैं. Equinomics के संस्थापक चोकालिंगम जी ने कहा, “ऐसे क्षेत्रों की पहचान करना मुश्किल है जो दोहरे अंकों की वृद्धि दे सकें, कई बैंक अभी भी ऐसी उम्मीदें जता रहे हैं.”
फास्ट-मूविंग कंज्यूमर गुड्स (FMCG), रियल्टी और कैपिटल गुड्स शेयरों में भी FPI की ओर से क्रमशः 2,184 करोड़ रुपये, 1,367 करोड़ रुपये और 681 करोड़ रुपये की खरीदारी देखी गई. विशेषज्ञों के अनुसार, FPI का वित्तीय क्षेत्र में सबसे अधिक 28.94 प्रतिशत निवेश है, जिसके बाद IT में 9.9 प्रतिशत निवेश है.
ये भी पढ़ें: भारत में iPhone की बिक्री 2024 में 10 अरब डॉलर के पार; Samsung दूसरे नंबर पर
-भारत एक्सप्रेस
Diwali Celebration America: अमेरिका और कनाडा के कई शहरों में दिवाली का जश्न धूमधाम से…
India Vs New Zealand 2nd ODI: भारत ने हेनरी स्टेडियम में खेले जा रहे दूसरे…
Ghaziabad Police Chowki Blast: गाजियाबाद की वसुंधरा पुलिस चौकी में धमाके के बाद सोशल मीडिया…
HDFC Bank FD interest rates: HDFC बैंक ने FD पर ब्याज दरें बढ़ाकर ग्राहकों को…
Mohammed Shami Retirement: मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है.…
India Pakistan Diplomatic Relations: भारत के न्योते पर पाकिस्तान ने कहा है कि वह संबंधित…