मनोरंजन

बिग बी के पैर छूने पर भड़का खालिस्तानी गैंग, दिलजीत के ऑस्ट्रेलिया कॉन्सर्ट को रोकने की चेतावनी, कही ये बात

पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ (Diljit Dosanjh) के एक नवंबर को ऑस्ट्रेलिया में होने वाले कॉन्सर्ट को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. खालिस्तानी आतंकी संगठन सिख्स फॉर जस्टिस (SFJ) ने इस कार्यक्रम को बंद करवाने की धमकी दी है. वजह है, एक नवंबर को अकाल तख्त साहिब द्वारा घोषित ‘सिख नरसंहार स्मरण दिवस’. SFJ का कहना है कि इस दिन किसी भी तरह का जश्न या प्रदर्शन सिख समुदाय की भावनाओं के खिलाफ है.

बिग बी के पैर छूने पर भड़का संगठन

SFJ की नाराजगी की असली वजह दिलजीत दोसांझ (Diljit Dosanjh) का अमिताभ बच्चन के पैर छूना है. हाल ही में ‘कौन बनेगा करोड़पति’ के एक एपिसोड में दिलजीत बच्चन के पैर छूते और उन्हें गले लगाते नजर आए. SFJ का आरोप है कि 1984 के सिख नरसंहार के दौरान अमिताभ बच्चन ने ‘खून का बदला खून’ जैसे नारे देकर भीड़ को उकसाया था. संगठन के जनरल काउंसल गुरपतवंत सिंह पन्नू ने कहा कि दिलजीत का यह व्यवहार पीड़ितों के साथ विश्वासघात है.

अकाल तख्त को लिखा गया पत्र

SFJ ने जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गरगज को पत्र लिखकर मांग की है कि दिलजीत दोसांझ (Diljit Dosanjh) को 2010 के तख्त फरमान के तहत अपने कार्यों की सफाई देने के लिए बुलाया जाए. संगठन ने याद दिलाया कि 10 जुलाई 2010 को अकाल तख्त ने 1984 की घटनाओं को दंगा नहीं बल्कि नरसंहार घोषित किया था और एक नवंबर को हर साल ‘नरसंहार स्मरण दिवस’ के रूप में मनाने का निर्देश दिया था.

ऑस्ट्रेलिया में रैली की तैयारी

SFJ ने एक नवंबर को ऑस्ट्रेलिया में दिलजीत (Diljit Dosanjh) के कॉन्सर्ट स्थल के बाहर रैली आयोजित करने की योजना बनाई है. संगठन ने सभी सिख संस्थानों, कलाकारों और दर्शकों से अपील की है कि वे ऐसे आयोजनों का बहिष्कार करें जो नरसंहार से जुड़े लोगों को मंच देते हैं.

“स्मृति बिकाऊ नहीं होती”

इसी कड़ी में SFJ ने कहा,

“हम कभी भी हत्यारों के प्रतीकों को पीड़ितों की स्मृति के साथ एक ही मंच साझा करने की अनुमति नहीं देंगे.स्मृति बिकाऊ नहीं होती और नरसंहार को तालियों के लिए सामान्य नहीं किया जा सकता.”

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस

Pankaj kumar Pandey

मैं पंकज कुमार पाण्डेय हूं और मूल रूप से बिहार के पश्चिम चंपारण से आता हूं, जो सत्याग्रह की धरती है. मेरी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई चंपारण में ही हुई है. इसके बाद मैंने महात्मा गांधी सेंट्रल यूनिवर्सिटी मोतिहारी से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स किया. पढ़ाई पूरी करने के बाद पत्रकारिता में करियर की शुरुआत की. अब तक विभिन्न मीडिया संस्थानों में काम करते हुए खबरों की दुनिया को करीब से समझा हूं. इस दौरान रिपोर्टिंग, कंटेंट लेखन, रिसर्च और समाचार प्रस्तुति से जुड़े अहम पहलू सीखने को मिले. वर्तमान में मैं भारत एक्सप्रेस में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हूं, जहां मेरी विशेष रुचि राजनीति, विदेश और सामाजिक जागरूकता से जुड़ी खबरों में है. क्योंकि मेरा मानना है कि पत्रकारिता महज एक नौकरी नहीं बल्कि देश और समाज के प्रति जिम्मेदारी है.

Recent Posts

एआई क्रांति पर धनवर्षा! 2026 में 49.5% बढ़ेगा ग्लोबल खर्च, 2.7 ट्रिलियन डॉलर पहुंचेगा बजट

Global AI Spending: गार्टनर की बुधवार को जारी एक रिपोर्ट के अनुसार, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई)…

52 minutes ago

UCC के खिलाफ क्यों खड़ी है देश की सबसे पुरानी पार्टी? कांग्रेस ने दिए 4 बड़े तर्क

समान नागरिक संहिता (UCC) पर कांग्रेस का विरोध क्यों है? 21वें विधि आयोग की रिपोर्ट…

1 hour ago

Explainer: नए UPI फ्रेमवर्क में P2P लेन-देन पूरी तरह फ्री, ₹2000 से कम के मर्चेंट पेमेंट पर भी नहीं लगेगा MDR

New UPI Guidelines: वित्त मंत्रालय ने नए यूपीआई फ्रेमवर्क पर स्थिति साफ करते हुए कहा…

2 hours ago

कोलकाता के छोटे कमरे से हर भारतीय रसोई तक: जानिए कैसे बनी देश की सबसे पुरानी बिस्किट कंपनी ‘ब्रिटानिया’

महज 295 रुपये से शुरू होकर 1.21 लाख करोड़ की कंपनी बनने वाली ब्रिटानिया इंडस्ट्रीज…

2 hours ago

बज़्म-ए-सहाफ़त: नए भारत की बात, उर्दू के साथ, भारत एक्सप्रेस उर्दू का नेशनल कॉन्क्लेव

NEW DELHI: ‘बज़्म-ए-सहाफ़त’ का तीसरा संस्करण 17 सितंबर 2026 को नई दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल…

2 hours ago