देश

Haryana: चुनाव के बीच कांग्रेस को बड़ा झटका, टिकट न मिलने से नाराज जसपाल आंतिल ने छोड़ी पार्टी, लगाए गंभीर आरोप

लाजपत | सोनीपत


हरियाणा विधानसभा चुनाव के बीच कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है. टिकट न मिलने से नाराज जसपाल आंतिल ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है. जसपाल आंतिल को दीपेंद्र हुड्डा का करीबी माना जाता है. आंतिल ने इस्तीफा देने के साथ ही कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा और दीपेंद्र हुड्डा पर कई आरोप लगाए हैं.

भूपेंद्र हुड्‌डा पर साधा निशाना

आंतिल ने पूर्व CM भूपेंद्र हुड्‌डा और दीपेंद्र हुड्‌डा पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने पार्टी के लिए अपनी जमीन तक बेच दी, लेकिन अब उन्हें अलग-थलग कर दिया गया. राई विधानसभा सीट से जसपाल आंतिल टिकट की मांग कर रहे थे, लेकिन पार्टी ने उन्हें टिकट नहीं दिया. जिसके चलते अब उन्होंने पार्टी छोड़ने का ऐलान.

16 साल से कांग्रेस के सक्रिय नेता

बता दें कि जसपाल आंतिल खेवड़ा गांव के रहने वाले हैं और 2009 में कांग्रेस के साथ जुड़े थे. जसपाल ने युवा कांग्रेस में सदस्यता अभियान की शुरुआत की और 2010 में उन्हें युवा कांग्रेस का राई का प्रधान बनाया गया. 2012 में युवा कांग्रेस के चुनाव में 40 हजार युवाओं को उन्होंने अपने साथ जोड़ा. इसके बाद उनको युवा कांग्रेस का सोनीपत लोकसभा का उपाध्यक्ष बनाया गया.

2022 में राई विधानसभा क्षेत्र से 20 हजार 37 सदस्य जोड़कर कांग्रेस को मजबूती दी. जिसका उन्हें पार्टी ने इनाम देते हुए PCC डेलीगेट बनाया. जसपाल आंतिल ने बताया कि पिछले 16 सालों से वे पार्टी की सेवा कर रहे थे, लेकिन अब उनको पार्टी ने धोखा दिया ओर जिन नेताओं के लिए काम कर रहे थे, उन्होंने भी अकेला छोड़ दिया.

आंतिल ने कहा कि जिस कांग्रेस पार्टी को आगे बढ़ाने के लिए अपना सबकुछ दांव पर लगा दिया, यहां तक कि उन्होंने अपनी जमीन तक बेच दी, लेकिन टिकट ऐसे लोगों को दिया गया जो कुछ महीने पहले पार्टी में सक्रिय हुए.

परिवारवाद का आरोप

जसपाल आंतिल ने आरोप लगाया कि अपनी राजनीति चमकाने के लिए चौधरी भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने हर चीज का इस्तेमाल किया है. चाहे आप सोनीपत या रोहतक की राजनीति का इतिहास उठा लो, कितने लोगों को इन्होंने अपने लड़के को राजनीति में लाने के लिए रास्ते से हटा दिया है.

यह भी पढ़ें- Haryana: विधानसभा चुनाव के बीच बागियों पर कांग्रेस का बड़ा एक्शन, 13 नेताओं को 6 साल के लिए पार्टी से किया निष्कासित

उन्होंने कहा कि पूरा राई क्षेत्र, पूरा सोनीपत जानता है कि दीपेंद्र हुड्डा सोनीपत के लिए निकलते थे तो जसपाल को मैसेज आता था. उन्होंने कहा कि आज उसके बावजूद 16 साल की मेहनत के बाद उनकी पीठ में छुरा घोंपा गया है. टिकट कटने के बाद वे शांत होकर घर पर बैठे थे, लेकिन जब उन्हें कल यह पता लगा कि उनके खुद के गांव खेवड़ा में दीपेंद्र हुड्‌डा आ रहे हैं. जिसके बारे में उन्हें कोई जानकारी तक नहीं दी गई.

-भारत एक्सप्रेस

Bharat Express Desk

Recent Posts

‘पितृ पक्ष में तृतीया तिथि का विशेष महत्व…’ जानिए आज के पंचांग में क्या है खास और कौन सा रहेगा मुहूर्त?

Pitru Paksha Panchang: 29 सितंबर 2026 को पितृ पक्ष के अंतर्गत तृतीया श्राद्ध है. पंचांग…

5 minutes ago

पहलगाम की अरु घाटी में बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव, आधे सफर से लौटने को मजबूर सैलानी; स्थानीय कारोबार प्रभावित

पहलगाम की अरु घाटी में मोबाइल नेटवर्क, एटीएम, स्वास्थ्य और शौचालय की भारी कमी। सैलानी…

5 hours ago

द ग्रेट मंडल बनाम कमंडल संघर्ष: वह दिन जब बिहार ने आडवाणी की रथ यात्रा रोक दी

Mandal Vs Kamandal: एलके आडवाणी की रथ यात्रा 25 सितंबर 1990 को गुजरात के सोमनाथ…

6 hours ago

स्टूडेंट हॉस्टल से CM हाउस तक: वह रात जब लालू ने बिहार की कमान संभाली

Lalu Prasad Yadav: लालू प्रसाद यादव के उभार की कहानी सिर्फ एक राजनेता की जीवनी…

6 hours ago

35 से ज्यादा लग्जरी घड़ियां, अकूत जमीन और 500-500 के नोटों की गड्डियां… बिहार के इस पावर कपल के ठिकानों पर पड़ा छापा

VIGILANCE RAID ON BIHAR OFFICER COUPLE: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (Vigilance)…

6 hours ago

ठहाका, तेवर और तूफानी राजनीति! जानिए कैसे लालू यादव ने हमेशा के लिए बदल दिए भारतीय लोकतंत्र के नियम

Lalu Prasad Yadav: भारतीय लोकतंत्र में लालू प्रसाद यादव की पहचान एक खास राजनीतिक शैली…

6 hours ago