मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता (Rekha Gupta) ने दिल्ली वालों के लिए बड़ा ऐलान किया है. मुख्यमंत्री (Chief Minister) ने सोमवार को कहा कि दिल्ली में 7 नए सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल (Super Speciality Hospital) बनाए जाएंगे. वहीं उन्होने आगे बताया कि ICU बेड में बढ़ोतरी की जाएगाी. मुख्यमंत्री ने नई दिल्ली के मॉडल टाउन में यथार्थ सुपर स्पेशियलिटी अस्पतालों का उद्घाटन करते हुए कहा कि इन सात अस्पतालों को कोविड-19 महामारी के दौरान लॉन्च किया गया था, लेकिन इन्हें बंद कर दिया गया था.
इस दौरान सीएम रेखा गुप्ता ने सरकारी स्वास्थ्य सेवा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के महत्व पर भी जोर दिया. उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करना हमारी जिम्मेदारी है कि जनता के पैसे बर्बाद न हों. इसीलिए हमने उन सात अस्पतालों को पुनर्जीवित करने का फैसला लिया है जो कोविड महामारी के दौरान बंद हो गए थे. इन अस्पतालों का काम अब फिर से शुरू हो गया है.
उन्होंने कहा कि महामारी के दौरान दिल्ली में स्वास्थ्य सेवा की स्थिति खराब थी और लोगों को आईसीयू बेड की कमी का सामना करना पड़ा. ये सात नए सुपर-स्पेशलिटी अस्पताल राष्ट्रीय राजधानी में आईसीयू बेड की क्षमता को भी बढ़ाएंगे और नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा प्रदान करने में मदद करेंगे. इन अस्पतालों को अब सुपर-स्पेशलिटी केंद्रों में परिवर्तित किया जा रहा है, जिनमें से प्रत्येक एक विशिष्ट चिकित्सा आवश्यकता के लिए समर्पित होगा, जिसके लिए गहन देखभाल की आवश्यकता होती है.
मुख्यमंत्री ने उदाहरण देते हुए कहा कि एक अस्पताल कैंसर (Cancer) उपचार केंद्र के रूप में कार्य करेगा, दूसरा उच्च जोखिम वाली प्रसूति इकाई (Maternity Unit) के रूप में, जबकि अन्य किडनी प्रत्यारोपण (Kidney Transplant), डायलिसिस और अन्य महत्वपूर्ण देखभाल आवश्यकताओं पर ध्यान केंद्रित करेंगे. इस पहल का उद्देश्य आईसीयू उपलब्धता में कमी को पूरा करना और दिल्ली के लोगों को विशेष देखभाल प्रदान करना है.
इसके अलावा, उन्होंने निजी अस्पतालों से आयुष्मान भारत (Ayushman Bharat) योजना के तहत पंजीकरण कराने का भी आग्रह किया. मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने नागरिकों की प्राथमिक और द्वितीयक स्वास्थ्य देखभाल आवश्यकताओं को अलग करने के लिए प्रत्येक विधानसभा में 15 आरोग्य मंदिर निर्धारित किए हैं.
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि हमारा प्रयास नागरिकों की स्वास्थ्य सेवा संबंधी जरूरतों को बढ़ावा देना होना चाहिए, ताकि इलाज के लिए दिल्ली आने वाला कोई भी व्यक्ति निराश न हो. दिल्ली को देश-दुनिया के लोगों की मदद के लिए एक चिकित्सा केंद्र बनाया जाना चाहिए.
मॉडल टाउन में आयुष्मान योजना के अंतर्गत नवनिर्मित यथार्थ अस्पताल, बिस्तर क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि का प्रतीक है, जिसका उद्देश्य दिल्ली में स्वास्थ्य सेवा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करना है.
लगभग दो एकड़ में निर्मित इस अस्पताल में 300 बिस्तर हैं, जिनमें 70 गहन देखभाल बिस्तर शामिल हैं, जो विशिष्ट और गहन उपचार की आवश्यकता वाले रोगियों की सेवा करते हैं.
-भारत एक्सप्रेस
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