देश

जम्मू और कश्मीर में जी20 शिखर सम्मेलन हुआ सफल, अब एक नए युग की होगी शुरूआत

Jammu and Kashmir: श्रीनगर में जी-20 शिखर सम्मेलन के सही तरीके से समापन होने के बाद ये साबिक हो गया है कि सब कुछ सही दिशा में चल रहा है. दशकों से हिंसा झेल रहे कश्मीर के लोगों ने अब पुरानी बयानबाजी को अच्छी तरह से समझा है. कश्मीर के लोगों ने जिस तरह से विदेशी महमानों का हार्दिक स्वागत किया है उससे प्रतिनिधियों के मन में उनके प्रति नकारात्म धारणा अब खत्म हो गयी है. राजनीतिक पंडितों को सबसे ज्यादा आश्चर्य श्रीनगर और विशेष रूप से शहर के डाउनटाउन हिस्से के लोगों की प्रतिक्रिया और व्यवहार से हुआ, जिसे हाल तक बाहरी लोगों के लिए वर्जित क्षेत्र माना जाता था. कोई हड़ताल का आह्वान या हड़ताल या कोई प्रदर्शन नहीं था लेकिन आश्चर्यजनक रूप से तीन दिवसीय सम्मेलन के परिणाम के मुताबिक खत्म हुआ.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल मार्गदर्शन में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के नेतृत्व वाली शासन की मुखर शैली ने न केवल मानसिकता को बदल दिया है बल्कि असंतुष्ट आवाजें अपने पिछले दुर्व्यवहारों के बारे में दो बार सोचने को मजबूर हैं. जी20 शेरपा, अमिताभ कांत ने कहा, पीएम नरेंद्र मोदी का मानना ​​है कि पर्यटन का सबसे बड़ा गुणक प्रभाव सबसे बड़ा रोजगार निर्माता है और इस जी20 बैठक से जम्मू-कश्मीर में अधिक रोजगार सृजन होगा.

कश्मीर फिल्मों के लिए बेहतरीन जगह

कश्मीर से बेहतर कोई फिल्म गंतव्य नहीं है, जिसमें फिल्म उद्योग को देने के लिए सब कुछ है. जी20 को एक अविस्मरणीय अनुभव बनाने के लिए कश्मीर के अद्भुत लोगों का आभारी हूं!. गतिशील एलजी मनोज सिन्हा, उनकी टीम और सभी अधिकारियों को धन्यवाद, जिनके समर्पण जी-20 शेरपा अमिताभ कांत ने कहा, और कड़ी मेहनत ने इस बैठक को शानदार सफलता दिलाई. आपके प्रयासों की बहुत सराहना की गई है.

पिछले दिसंबर में भारत ने 19 देशों और यूरोपीय संघ वाले जी-20 की अध्यक्षता संभाली थी. केंद्र सरकार द्वारा देश के 55 से अधिक स्थानों पर कुल 215 G-20 बैठकों की मेजबानी करने की उम्मीद है और जिनमें से चार पर्यटन क्षेत्र को बढ़ावा देने पर केंद्रित होंगी. पर्यटन यहां जम्मू और कश्मीर, विशेष रूप से कश्मीर में बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार प्रदान कर रहा है। इस उद्योग में रोजगार सृजित करने की बड़ी क्षमता है और इसके लिए अन्य आर्थिक क्षेत्रों की तुलना में कम निवेश की आवश्यकता होती है। हमें उम्मीद है कि इस आयोजन से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। हमें यह भी उम्मीद है कि विदेशी पर्यटक आएंगे और इससे यहां की बेरोजगारी खत्म होगी.

– भारत एक्सप्रेस

Rahul Singh

Recent Posts

1 या 2 नवंबर कब है अहोई अष्टमी? जानिए सही तारीख और पूजा का शुभ मुहूर्त

अहोई अष्टमी का व्रत 1 नवंबर 2026 (रविवार) को रखा जाएगा. इस दिन माताएं संतान…

19 minutes ago

अंतरिक्ष में भारत का नया कदम: NVS-03 सैटेलाइट की सफल लॉन्चिंग से मजबूत होगी ‘नाविक’ प्रणाली

Indian Space Research: इसरो ने रचा नया इतिहास! श्रीहरिकोटा से NVS-03 नेविगेशन सैटेलाइट को सफलतापूर्वक…

47 minutes ago

राष्ट्रीय एकता दिवस: गृह मंत्री अमित शाह, राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति ने लौह पुरुष सरदार पटेल को किया नमन

Sardar Vallabhbhai Patel Jayanti: सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और…

1 hour ago

सरदार पटेल ने आजादी के बाद सिर्फ 1,218 दिन में वो करके दिखाया, जो सबको असंभव लगता था- गृह मंत्री अमित शाह

राष्ट्रीय एकता दिवस के मौके पर दिल्ली में आयोजित 'एकता दौड़' के दौरान गृह मंत्री…

2 hours ago

अमेरिका का बड़ा झटका! खत्म होने जा रहा है H-1B वीजा का ‘डेफरेंस’, 10 लाख भारतीयों पर संकट

US Deference Policy: H-1B वीजाधारकों के लिए बुरी खबर: अमेरिका सरकार 'डेफरेंस टू प्रायर अप्रूवल्स'…

2 hours ago

दिवाली का बड़ा तोहफा! दिल्ली-वाराणसी वंदे भारत स्लीपर को आज हरी झंडी, चेक करें टाइमिंग और रूट

Vande Bharat Sleeper Train: दिल्ली-वाराणसी के बीच पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को आज दिखाई…

3 hours ago