पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार (सीईए) कृष्णमूर्ति सुब्रमण्यम नवंबर से अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) में भारत के कार्यकारी निदेशक होंगे। कैबिनेट की नियुक्ति समिति (एसीसी) ने एक आदेश में कहा कि सुब्रमण्यम का कार्यकाल तीन साल का होगा और उनका कार्यकाल 1 नवंबर से शुरू होगा। सुब्रमण्यम आईएमएफ में सुरजीत भल्ला का स्थान लेंगे, जिनका कार्यकाल 31 अक्टूबर को समाप्त हो रहा है।
सुब्रमण्यम ने 2021 में 3 साल के कार्यकाल के बाद मुख्य आर्थिक सलाहकार के रूप में पद छोड़ दिया था। सीईए का कार्यकाल छोड़ने के बाद उन्होंने कहा था कि अब वह शिक्षा जगत में लौटने वाले हैं। इससे पहले वह आईएसबी हैदराबाद में प्रोफेसर थे 2018 में उन्हे सीईए के रूप में नियुक्त किया था। उन्होंने अरविंद सुब्रमण्यन का स्थान लिया था।
कृष्णमूर्ति सुब्रमण्यम भारतीय बैंकिंग क्षेत्र में एक बड़े नाम है। उन्होंने भारतीय रिजर्व बैंक के लिए बैंकों के शासन पर विशेषज्ञ समिति में काम किया है। वह पहले बंधन बैंक और नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ बैंक मैनेजमेंट में निदेशक मंडल के सदस्य के रूप में भी जुड़े रहे हैं।
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