लीगल

गिरफ्तार लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर शब्बीर अहमद लोन सात दिन की न्यायिक हिरासत में, बांग्लादेश से चला रहा था लश्कर का मॉड्यूल

दिल्ली बॉर्डर से गिरफ्तार लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर शब्बीर अहमद लोन को 5 दिन की पुलिस रिमांड की अवधि खत्म होने के बाद पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया. पुलिस ने अभी तक कि जांच रिपोर्ट को पेश किया और शब्बीर अहमद लोन को न्यायिक हिरासत में भेजने की कोर्ट से मांग की. जिसके बाद कोर्ट ने लोन को 7 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. दिल्ली पुलिस के स्पेशल के मुताबिक लोन ढाका के नजदीक अपने ठिकाने से लश्कर के एक मॉड्यूल का संचालन कर रहा था.

इसको मेट्रो पोस्टर केस के मास्टरमाइंड कहा जाता है. इस मॉड्यूल में दिल्ली और कोलकाता सहित कई जगह पर भारत विरोधी पोस्टर लगाए थे.

पुलिस के मुताबिक शब्बीर लोन लंबे समय से सुरक्षा एजेंसियों के राडार पर था और बांग्लादेश में बैठकर भारत में आतंकी गतिविधि को संचालित कर रहा था. वही अपनी पहचान छिपाने के लिए कभी राजू तो कभी जफर सिद्दीकी बन जाता था. अभी तक के जांच में पता चला है कि शब्बीर लोन नेपाल के रास्ते भारत में दाखिल हुआ था. इसके बाद वह दिल्ली और आसपास के इलाको में रहकर आतंकी संगठन के लिए लोगों का ब्रेन वास कर रहा था.

यह पाकिस्तान के बैठे अपने आंका के लगातार संपर्क में था. शब्बीर लोन को पहली बार 2007 में दिल्ली पुलिस ने आतंकवाद के आरोप में गिरफ्तार किया था और 2019 में जमानत मिलने के बाद वह बांग्लादेश भाग गया था, जहां उसने लश्कर सेल की स्थापना की थी. 2007 में गिरफ्तारी के समय उसके सीधे संबंध जमात-उद-दावा के चीफ और आतंकी हाफिज सईद और जकी-उर-रहमान लखवी से थे.

10 ठिकानों पर रेड में हथियार और संदिग्ध दस्तावेज बरामद

काउंटर इंटेलिजेंस कश्मीर ने 26 मार्च को शब्बीर लोन के आतंकी मॉड्यूल की जांच के लिए कश्मीर के तीन जिलों, गांदरबल, शोपियां और श्रीनगर के 10 ठिकानों पर रेड मारी थी. सीआईके के मुताबिक इस मामले के तार जिस नेटवर्क से जुड़े पाए गए उसे बांग्लादेश और पाकिस्तान में बैठे लश्कर-ए-तैयबा के हैंडलर्स से निर्देश मिल रहे थे.

दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल ने फरवरी 2026 में एक बड़े आतंकी नेटवर्क का पर्दाफाश किया था, जिसमें 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया. इनमें से 7 बांग्लादेशी नागरिक थे, जो फर्जी आधार कार्ड के जरिए अपनी पहचान छिपाकर भारत में अवैध रूप से रह रहे थे.

ये भी पढ़ें: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से पूछा, मिलिट्री ट्रेनिंग के दौरान दिव्यांग हुए अधिकारियों को पूर्व सैनिक का दर्जा दिया जा सकता हैं या नही?

-भारत एक्सप्रेस

गोपाल कृष्ण

Recent Posts

Aaj Ka Panchang: सोमवार को बन रहा ग्रहों का दुर्लभ महासंयोग; जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय

Aaj Ka Panchang: सोमवार, 28 सितंबर 2026 को आश्विन कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि शाम…

1 hour ago

सोमवार को ध्रुव और मालव्य योग का दुर्लभ संगम, मिलेगा बंपर धन; जानिए मेष लेकर मीन तक आज का राशिफल

Aaj Ka Rashifal: 28 सितंबर 2026, सोमवार को ध्रुव और व्याघात योग के प्रभाव से…

1 hour ago

आज का मेष राशिफल: जिम्मेदारियां बढ़ेंगी, काम में रखें सावधानी; प्रेम जीवन में मिलेगा साथ

Aaj Ka Rashifal Mesh Rashi: मेष राशि वालों के लिए आज कामकाज में जिम्मेदारियां बढ़…

2 hours ago

आज का मिथुन राशिफल: दोस्तों के साथ बनेगा घूमने का प्लान, खर्च बढ़ने के संकेत

Aaj Ka Rashifal Mithun Rashi: मिथुन राशि वालों के लिए आज का दिन सकारात्मक बदलाव…

2 hours ago