सांकेतिक फोटो-सोशल मीडिया
Viral News: मौत के बाद व्यक्तियों के जिंदा होने की खबरें कई बार सामने आ चुकी हैं. मेक्सिको से ऐसी ही एक खबर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसमें बताया जा रहा है कि एक 3 साल की बच्ची मौत के 12 घंटे बाद ताबूत के अंदर से चिल्लाने लगी. बच्ची का नाम कैमिला रोक्साना है.
मीडिया सूत्रों के मुताबिक उसके पेट में इन्फेक्शन हो गया था और उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन इलाज के दौरान ही उसकी सांसें थम गईं. इस पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था. इसके बाद घर में कोहराम मच गया. बच्ची के माता-पिता बेटी के गम में डूब गए.
कहते हैं कि चमत्कार भी इसी धरती पर होते हैं. वैसे तो डॉक्टर्स को भगवान माना गया है लेकिन कभी-कभी इस बात पर भी यकीन करना पड़ता है कि उनसे भी ऊपर कोई है. मौत के 12 घंटे बाद अचानक चमत्कार हुआ और कैमिला मां-मां चिल्लाने लगी.
कैमिला की मां को लगा कि ताबूत में बंद उसकी बच्ची उसे पुकार रही है. वो तुरंत ताबूत खोलने लगी तो लोगों ने मना कर दिया लेकिन मां ने जिद की तो ताबूत खोला गया, इस पर बच्ची ताबूत में से उठकर बैठ गई. ये मामला 17 अगस्त 2022 का बताया जा रहा है, लेकिन सोशल मीडिया पर हाल फिलहाल ये तेजी से वायरल हो रहा है. ये घटना मैक्सिको के सैन लुइस पोटोसी में हुई थी.
ये भी पढ़ें-Ghost Shopping Mall: जानें क्या होता है घोस्ट शॉपिंग मॉल, क्या वाकई यहां पर रहते हैं भूत?
दरअसल डॉक्टरों ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया था. आखिर उनसे इतनी बड़ी चूक कैसे हुई? इस पर बयान सामने आया है कि बच्ची को पेट के इन्फेक्शन के बाद सालिनास डी हिल्डाल्गो कम्युनिटी हॉस्पिटल (Salinas de Hildalgo Community Hospital) में भर्ती करवाया गया था. इलाज के दौरान उसके दिल की धड़कन के साथ ही सांस भी थम गई थी. इसी के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था. फिलहाल इस घटना को लोग चमत्कार मान रहे हैं.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मां को इस बात पर यकीन ही नहीं हो रहा था कि पेट में इन्फेक्शन के बाद हुए बुखार के कारण उनकी बच्ची की मौत हो सकती है. वह बार-बार कह रही थीं कि बच्ची मरी नहीं है. इस पर परिवार वाले इसे सदमा समझने लगे थे. बच्ची के शव से भी मां को दूर रखा गया था.
दूसरे दिन जब अंतिम संस्कार के लिए लोग तैयारी कर रहे थे. इससे कुछ देर पहले ही ताबूत हिलने लगा और बच्ची मां कहकर पुकारने लगी, लेकिन फिर भी लोगों को भरोसा नहीं हुआ. फिर जब बच्ची रोने लगी तब लोगों को तुंरत ताबूत खोला तो देखकर चौंक गए कि बच्ची जिंदा है. इसके तुरंत बाद ही उसे फिर से अस्पताल ले जाया गया.
-भारत एक्सप्रेस
1943 के बंगाल अकाल में लाखों लोगों ने भूख और कुपोषण के कारण अपनी जान…
Pawan Hangman on Saurabh Rajput murder convicts death sentence: मेरठ के सौरभ 'नीला ड्रम' हत्याकांड…
Jharkhand 108 ambulance workers protest Ranchi: रांची में 108 एंबुलेंस कर्मियों ने बकाया वेतन और…
मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग तीर्थ ओंकारेश्वर में सिंहस्थ 2028 के तहत प्रस्तावित विकास परियोजनाओं…
उन्नाव में लखनऊ-कानपुर हाईवे पर स्कूली बच्चों से भरी एसी बस में अचानक आग लग…
दिल्ली दंगों से जुड़े दयालपुर मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने आम आदमी पार्टी के पूर्व…