उत्तर प्रदेश

रिटायर्ड पुलिसकर्मियों से वेतन वसूली का आदेश रद्द, कोर्ट ने दो माह में 8% ब्याज सहित राशि लौटाने को कहा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा है की वेतन निर्धारण में विभागीय गलती के लिए पुलिस कर्मियों को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता.और इस आधार पर सेवानिवृत्ति से पहले अधिक वेतन भुगतान की वसूली करना सही नहीं है कि कर्मचारियों ने अंडरटेकिंग दी थी. कोर्ट ने कहा अंडरटेकिंग केवल अंतिम वेतन के आधार पर पेंशन के लिए गणना में लागू होगी. विभागीय गलती से अधिक भुगतान मामले में यह लागू नहीं होगी.

कोर्ट ने कहा सुप्रीम कोर्ट ने रफीक मसीह केस में स्पष्ट किया है कि तृतीय व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को विभागीय गलती से अधिक वेतन भुगतान की वसूली सेवानिवृत्ति के बाद नहीं की जा सकती.
इसी आधार पर कोर्ट ने पुलिस कर्मियों से अधिक वेतन भुगतान की वसूली आदेश 25सितंबर 17को रद कर दिया है.और कहा है जिन कर्मियों से वसूली कर ली गई है दो माह के भीतर आठ फीसदी ब्याज सहित वापसी की जाय.

वसूली आदेश रद्द, ब्याज सहित वापसी का निर्देश

यह आदेश न्यायमूर्ति अजित कुमार की एकलपीठ ने मुख्य आरक्षी प्रहलाद सिंह व अन्य सहित 42 याचिकाओं को स्वीकार करते हुए दिया है. याचिका पर वरिष्ठ अधिवक्ता विजय गौतम,रमेश चंद्र तिवारी, ब्रह्म नारायण सिंह आदि अधिवक्ताओं ने बहस की. याचिकाओं में विभागीय गलती से अधिक वेतन भुगतान की वसूली कार्रवाई की वैधता को चुनौती दी गई थी.

याची अधिवक्ता का तर्क था कि वेतन निर्धारण में याचियों की कोई भूमिका नहीं है. इसलिए उन्हें इसके लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता. इसलिए अधिक वेतन भुगतान की वसूली नहीं की जा सकती. सरकार का कहना था कि शासनादेश के आलोक में आडिट में अधिक वेतन भुगतान का पता चला.और याचियों ने अंडरटेकिंग दी है कि अधिक भुगतान की वसूली कर सकते हैं.

कोर्ट ने कहा कि सरकार इस बात से इंकार नहीं कर रही कि वेतन निर्धारण में याचियों की जिम्मेदारी नहीं है.वेतन निर्धारण का अनुमोदन करने वाले जिम्मेदार हो सकते हैं. सेवानिवृत्ति पर अधिक भुगतान की वापसी की अंडरटेकिंग का इस्तेमाल अधिक वेतन भुगतान मामले में नहीं किया जा सकता. कोर्ट ने सेवानिवृत्त दर्जनों पुलिस कर्मियों को बड़ी राहत दी है.

ये भी पढ़ें: स्टाफ को बिना जरूरत छुट्टी पर रोक, त्यौहार और गर्मी को देखते हुए अस्पताल अलर्ट मोड में: डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक

-भारत एक्सप्रेस 

 

विशाल तलवार

Recent Posts

‘मुझे पति से बचा लो…’, पहले दिया तीन तलाक, फिर देवरों से कराया हलाला

अलीगढ़ में तीन तलाक के बाद महिला से दो देवरों द्वारा जबरन हलाला कराने का…

1 hour ago

सुप्रीम कोर्ट में प्रमोट हुए जज तो इन तीन बड़े हाईकोर्ट्स में बदले गए कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश, देखिए पूरी लिस्ट

केंद्र सरकार ने 5 अक्टूबर 2026 को दिल्ली, गुजरात और तेलंगाना हाईकोर्ट में कार्यवाहक मुख्य…

2 hours ago

20 रुपये में इतने कम मोमोज? छात्र के सवाल पूछते ही ठेलेवाले ने चेहरे पर फेंका खोलता तेल

ग्वालियर में 20 रुपये के मोमोज की संख्या कम होने पर सवाल पूछना एक छात्र…

2 hours ago

नवी मुंबई एयरपोर्ट से अब सफर होगा बेहद आसान, अडानी ग्रुप ने शुरू कीं ई-शिवाई बसें

नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर विंटर शेड्यूल से पहले सस्ती बसों, ऐप टैक्सियों और फ्री…

4 hours ago

उमेश पाल हत्याकांड: UP पुलिस की रिमांड से बचा इनामी अरमान बिहारी, वापस गया बिहार जेल

उमेश पाल ट्रिपल मर्डर केस के 5 लाख के इनामी आरोपी अरमान बिहारी को प्रयागराज…

4 hours ago

जब पीएम मोदी ने स्विस राष्ट्रपति को दिया ‘देसी चीज़’ और कश्मीरी कला का अनूठा तोहफा, जानिए क्या है खास?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाइ परमेलिन को भारत की समृद्ध विरासत और…

4 hours ago