शमी का पेड़
Sawan: सावन के पवित्र माह में भगवान शिव जी की कृपा प्राप्त करने के लिए लोग कई तरह के उपाय करते हैं. वहीं माना जाता है कि इस माह भोलेनाथ को प्रिय कुछ खास पौधों को घर की चाहरदीवारी के अंदर लगाने से जहां घर परिवार में सकारात्मकता बनी रहती है, वहीं माना जाता है कि जहां पर ये पौधे लगे रहते हैं, वहां पर शिव जी की कृपा से सुख समृद्धि और धन धान्य की कोई कमी नहीं रहती है.
सावन का महीना हरियाली के लिए भी विशेष माना जाता है. जहां बरसात की वजह से प्रकृति चारो तरफ हरी भरी नजर आती है वहीं भगवान भोलेनाथ को समर्पित इस महीनें में भगवान शिव की पूजा के दौरान बेलपत्र से लेकर शमी और कई अन्य तरह की पत्तियां चढ़ाई जाती हैं. आस्था के इस महीने में प्रकृति में भी एक सकारात्मक उर्जा का संचार होता है. ऐसे में आइए जानते हैं इस माह किन पौधों को घर पर लगाना अति शुभ है.
आक के पौधे से दूर होगी नकारात्मकता
माना जाता है कि आक या आंकड़े का पौधा शिव जी को अत्यंत प्रिय है. सावन माह में इसका पौधा लगाना उत्तम माना जाता है. इसका फूल जहां शिवलिंग पर अर्पित किया जाता है, वहीं वास्तु के अनुसार भी इसे घर में लगाना बेहद ही शुभ माना जाता है. ऐसी मान्यता है कि इस पौधे को लगाने पर भगवान शिव की कृपा बनी रहती है. इसके अलावा धन आगमन के मार्ग में अगर कोई बाधा है तो वह भी दूर होती है.
शमी का पौधा लगाने से मिलते हैं ये लाभ
शमी का पौधा भी सावन के पावन माह में लगाना बेहद ही शुभ माना जाता है. इस पौधे को लगाने से घर से भी घर में अगर किसी तरह की नकारात्मक ऊर्जा है तो वह दूर होती है. यह पौधा भी भोलेनाथ के पसंदीदा पौधों में से एक माना जाता है. वास्तु के अनुसार इसे घर के मुख्य द्वार पर ऐसा लगाना चाहिए कि घर से निकलते समय यह दाहिने तरफ पड़े. अगर घर का मुख्य द्वार उत्तर और पूर्व की तरफ हो तो अति उत्तम है. वहीं हवन इत्यादि के लिए भी इसकी सूखी लकड़ियों का उपयोग विशेष तौर पर फलदायी है. वहीं यह पौधा शनिदेव को भी अत्यंत प्रिय है.
इसे भी पढ़ें: पीताम्बरा पीठ पर इंदिरा गांधी से लेकर अटल बिहारी बाजपेयी तक टेक चुके हैं मत्था, माना जाता है राज सत्ता की देवी
बेलपत्र का पौधा लगाने से मिलेगा यह लाभ
माना जाता है कि बेलपत्र के पत्ते से लेकर इसकी जड़ तक का उपयोग पूजा पाठ इत्यादि में किया जाता है. वहीं इसका पौधा भी भगवान शंकर जी को अत्यंत ही प्रिय है. इसकी पत्तियों को शिवलिंग पर अर्पित किया जाता है. मान्यता है कि बेलपत्र के पौधे के नीचें शिवलिंग की स्थापना करने और नियमित रूप से उसका जलाभिषेक करने से आर्थिक स्थिति मजबूत होती है.
1943 के बंगाल अकाल में लाखों लोगों ने भूख और कुपोषण के कारण अपनी जान…
Pawan Hangman on Saurabh Rajput murder convicts death sentence: मेरठ के सौरभ 'नीला ड्रम' हत्याकांड…
Jharkhand 108 ambulance workers protest Ranchi: रांची में 108 एंबुलेंस कर्मियों ने बकाया वेतन और…
मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग तीर्थ ओंकारेश्वर में सिंहस्थ 2028 के तहत प्रस्तावित विकास परियोजनाओं…
उन्नाव में लखनऊ-कानपुर हाईवे पर स्कूली बच्चों से भरी एसी बस में अचानक आग लग…
दिल्ली दंगों से जुड़े दयालपुर मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने आम आदमी पार्टी के पूर्व…