भगवान शिव, शनि महाराज और रुद्राक्ष.
12 Mukhi Rudraksha Rudraksha Importance in Sawan 2024: सावन का महीना भगवान शिव को समर्पित है. इस महीने में शिवजी को प्रिय रुद्राक्ष का भी खास महत्व है. पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, रुद्राक्ष शिव के आंसू से उत्पन्न हुआ था. ज्योतिष शास्त्र के जानकार बताते हैं कि सावन मास में रुद्राक्ष पहनने से सकारात्मक ऊर्जा के साथ-साथ मानसिक शांति भी बनी रहती है. इसके अलावा सेहत के नजरिए से भी रुद्राक्ष को खास माना गया है. शास्त्रों में एक लेकर 16 मुखी रुद्राक्ष का उल्लेख किया गया है. प्रत्येक रुद्राक्ष का अपना-अपना महत्व होता है. लेकिन, आज हम आपको एक ऐसे रुद्राक्ष के बारे में बता रहे हैं, जिसे धारण करने से शनि की पीड़ा से मुक्ति मिल सकती है.
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, सावन में 12 मुखी रुद्राक्ष को विधि-विधान से धारण करने पर शनि ग्रह से जुड़े तमाम परेशानियों से मुक्ति मिलती है. इसके अलावा यह रुद्राक्ष आत्मविश्वास और मानसिक शक्ति को भी बढ़ाने में मददगार माना गया है. कहा जाता है कि इस 12 मुखी रुद्राक्ष को सही विधि से धारण करने पर जीवन में सफलता, उन्नति और समृद्धि मिलती है. 12 मुखी रुद्राक्ष सूर्य ग्रह का प्रतिनिधित्व करता है. इसे सही विधि से धारण करने पर आत्मविश्वास मजबूत रहता है, नेतृत्व क्षमता में वृद्धि होती है और मानसिक शांति बनी रहती है. इतना ही नहीं, इस रुद्राक्ष को नियमित धारण करने से शनि ग्रह की पीड़ा धीरे-धीरे कम होने लगती है.
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, 12 मुखी रुद्राक्ष को सूर्योदय से पहले पहनना शुभ माना गया है. ऐसे में जो कोई सावन में इस रुद्राक्ष को धारण करना चाहते हैं उन्हें स्नान करने के बाद इस रुद्राक्ष को पंचामृत से शुद्ध करना चाहिए. इसके बाद इसको घर के पूजा स्थल पर या मंदिर में रखकर गंगाजल, चंदन, धूप-दीप और फूल अर्पित करना चाहिए. रुद्राक्ष को शुद्ध करके उसकी पूजा करने के बाद सोने, चांदी, तांबे या धागे में पिरोकर पहना जा सकता है. 12 मुखी रुद्राक्ष को गले या दाहिनी भुजा पर धारण करना शुभ माना गया है. इस रुद्राक्ष को धारण करने के लिए रविवार या सोमवार शुभ है.
यह भी पढ़ें: कब है सावन की पहली शिवरात्रि, जानें शुभ मुहूर्त, पूजन विधि और जरूरी व्रत-नियम
Super El Nino: 'सुपर अल नीनो' के कारण अगले 6 महीनों में भारत में भयानक…
Acharya Pramod Krishnam: कल्कि धाम के पीठाधीश्वर आचार्य प्रमोद कृष्णम को जान से मारने की…
Ranchi Monkey Viral News: रांची के ओरमांझी में एक बंदरिया शराब की दुकान में घुस…
FSSAI Junk Food Ban: FSSAI स्कूलों के 50 मीटर के दायरे में चिप्स, कोल्ड ड्रिंक,…
Kedarnath Waste Crisis 2026: केदारनाथ में अप्रैल से अगस्त 2026 के बीच 50.30 मीट्रिक टन…
Nagaland Spurious Liquor Deaths: साल 1990 से पूर्ण शराबबंदी वाले राज्य नागालैंड में मिलावटी और…