आस्था

कल है सावन का सोम प्रदोष व्रत, बन रहें हैं कई दुर्लभ संयोग, जानें शुभ मुहूर्त और पूजा विधि

Sawan Pradosh Vrat 2023: हिंदू पंचांग के अनुसार प्रत्येक माह के शुक्ल और कृष्ण पक्ष में पड़ने वाली त्रयोदशी तिथि के दिन प्रदोष व्रत रखा जाता है. इस व्रत का एक विशेष महत्व है. इस दिन भगवान शिव के साथ ही माता पार्वती का भी पूजन होता है. प्रदोष तिथि पर रखे जाने वाले व्रत को प्रदोष व्रत के नाम से जाना जाता है. दिन के हिसाब से प्रदोष व्रत के नाम हैं. वहीं कल 28 तारीख को शुक्त पक्ष में पड़ने वाले प्रदोष व्रत को सोम प्रदोष व्रत कहा जाता है.

ज्योतिष के अनुसार इस दिन (Pradosh Vrat 2023) पूजा प्रदोष काल में की जाती है. माना जाता है कि इस दिन पूजा-पाठ करने से जीवन में सभी तरह के सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है. इसके अलावा मां पार्वती की कृपा से वैवाहिक जीवन सुखमय रहता है.

प्रदोष व्रत तिथि और शुभ मुहूर्त

ज्योतिष के जानकारों के अनुसार, सावन के अंतिम प्रदोष व्रत की पूजा के लिए कई शुभ योग बन रहे हैं. इस दिन सुबह 9 बजकर 56 मिनट तक आयुष्मान योग रहेगा और इसके बाद सौभाग्य योग लग जाएगा. 9 बजकर 56 मिनट से लेकर पूरे रात तक सौभाग्य योग रहेगा. वहीं इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग भी बन रहा है, जो कि 2 बजकर 43 मिनट से लेकर अगले दिन 5 बजकर 57 मिनट तक रहेगा. वहीं इस दिन रवि योग भी बनेगा. इस दिन प्रदोष काल में भगवान शिव की पूजा करना बेहद शुभ होता है. 28 अगस्त की शाम 6 बजकर 48 मिनट से रात 9 बजकर 1 मिनट तक प्रदोष काल रहने वाला है. इस दौरान भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करने से कई गुना अधिक फल मिलेगा.

प्रदोष व्रत पूजा विधि

शुक्र प्रदोष व्रत के दिन सुबह उठकर स्नान करने के बाद शिव जी के सामने दीपक प्रज्वलित कर प्रदोष व्रत (Som Pradosh Vrat 2023) का संकल्प लें. संध्या समय शुभ मुहूर्त में पूजा आरंभ करें. गाय के दूध, दही, घी, शहद और गंगाजल आदि से शिवलिंग का अभिषेक करें. फिर शिवलिंग पर श्वेत चंदन लगाकर बेलपत्र, मदार, पुष्प, भांग, आदि अर्पित करें. फिर विधिपूर्वक पूजन करें. वहीं सुबह ब्रम्ह मुहुर्त में उठते हुए सूर्य देव को जल अर्पित करें.

इसे भी पढ़ें: September 2023 Festival List: सितंबर महीने में जन्‍माष्‍टमी से लेकर ऋषि पंचमी तक पड़ रहे हैं ये व्रत और त्योहार

प्रदोष व्रत का महत्व

मान्यता है कि सोम प्रदोष व्रत को करने से रोग, ग्रह दोष, कष्ट, पाप आदि से मुक्ति मिलती है. भगवान शिव शंकर की कृपा से धन, धान्य, सुख, समृद्धि से जीवन परिपूर्ण रहता है. मान्यता है कि पूरे विधि विधान शिव जी की पूजा करने से आर्थिक दिक्कत दूर हो जाती हैं. वहीं वैवाहिक जीवन में चल रही परेशानियों से भी राहत मिलती है.

Rohit Rai

Recent Posts

इमरान खान को देश छोड़ना पड़ेगा या मिलेगी राहत? बॉम्बे हाईकोर्ट में कल होगा बड़ा फैसला

इमरान खान को FRRO द्वारा भारत छोड़ने का नोटिस मिलने के बाद मामला बॉम्बे हाईकोर्ट…

5 hours ago

चीन-पाक सीमा पर किलेबंदी! 2.12 लाख करोड़ रुपये की डिफेंस डील को मंजूरी

Indian Defence Deals: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई DAC बैठक में भारतीय…

5 hours ago

‘जाणता राजा’ का 5वां दिन: गाजियाबाद में गूंजी महाकवि भूषण की पंक्तियां- ‘काशी कर्बला होती मथुरा मदीना होती, शिवाजी न होते तो…’

गाजियाबाद के सनसिटी में छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन पर आधारित महानाट्य 'जाणता राजा' के…

7 hours ago