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FIFA World Cup 2022: गर्मी नहीं इस बार सर्दियों में क्यों हो रहा वर्ल्ड कप का आयोजन? जानें क्या है खास तैयारी

आईसीसी टी20 विश्व कप के बाद FIFA World Cup का बिगुल बजने जा रहा है. फीफा विश्व कप का आयोजन इस बार कतर में किया जा रहा है. हर सार फुटबॉल का यह महामुकाबला जून-जुलाई के महीनों में होता था लेकिन इस बार यह सर्दियों के महीने नवंबर-दिसंबर में आयोजित किया जा रहा है.

दुनिया में क्रिकेट के बाद सबसे ज्यादा खेले जाने वाले गेम फुटबॉल के सबसे बड़े इवेंट फीफा वर्ल्ड कप का मंच सजने जा रहा है.   FIFA (Fédération Internationale de Football Association) की मेजबानी इस बार कतर देश के हाथों में है. 20 नवंबर से टूर्नामेंट की शुरूआत हो जाएगी. फुटबॉल के फैंस को इस महामुकाबले का बेसब्री से इंतजार रहता है. आमतौर पर गर्मियों के सीजन में आयोजित होने वाला फीफा वर्ल्ड कप देखने के लिए दर्शक ठंडे आसमान के नीचे स्टेडियम में मौजूद रहेंगे. टूर्नामेंट की शुरुआत में  अब सिर्फ 2 दिन ही बाकी रहे गए हैं. ऐसे में आइए आपको बताते हैं कि कतर में इसके लिए किस तरह की खास तैयारी की गई है.

एडवांस कूलिंग सिस्टम का होगा उपयोग

FIFA World Cup की मेजबानी इस बार कतर  को दी गई है. हर साल फीफा विश्व कप का आयोजन जून-जुलाई के महीनों में होता है, क्योंकि इस दौरान कतर में बहुत ज्यादा गर्मी होती है जिसके कारण इसे विंटर के सीजन में आयोजित किया जा रहा है.  हालांकि कतर फुटबाल एशोसएन ने सारे इंतजाम किए हैं. ऐसा इसलिए  क्योंकि यूरोपियन देशों के मुकाबले कतर में सर्दी के मौसम भी तापमान अधिक रहता है. कतर में  इससे निपटने के लिए स्टेडियम में एडवांस कूलिंग सिस्टम लगाए गए हैं जिससे मैदान पर ठंडी हवा पहुंचती रहेगी.

फीफा विश्व कप क्रेज फुटबॉल के सिर पर चढ़कर बोलता है. टूर्नामेंट का सकुशल आयोजन कराने के लिए भले ही तापमान से निपटने के लिए कतर के स्टेडियम में पुख्ता इंतजाम कर लिए गए हो. जिससे  फैंस के साथ ही खिलाड़ियों को भी गर्मी से निपटने में आसानी होगी. कतर सरकार ने इसके लिए करोड़ो रूपये खर्च किए हैं. लेकिन बताया जा रहा है कि, सर्दी में टूर्नामेंट होने का यूरोपियन प्रतियोगिताओं और घरेलू फुटबॉल लीग्स पर असर पड़ेगा.

 

 

-भारत एक्सप्रेस

Bharat Express Desk

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