उत्तर प्रदेश

आजमगढ़ समाधान दिवस बना ‘सिनेमा हॉल’: साहबों के मोबाइल और दरोगा जी की पिक्चर के आगे बेबस दिखी जनता की चीखें, देखें VIDEO

Azamgarh Viral Video:शुभम सिंह/आजमगढ़:  उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले से सरकारी सिस्टम की संवेदनहीनता को उजागर करने वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. सदर तहसील में आयोजित ‘संपूर्ण समाधान दिवस’ के दौरान जहां एक तरफ जनता अपनी परेशानियां लेकर पहुंची थी, वहीं दूसरी तरफ जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी अपनी ही धुन में मस्त नजर आए.

आजमगढ़ सदर तहसील के संपूर्ण समाधान दिवस का एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें फरियादियों के दुख-दर्द सुनने के बजाय अधिकारी और कर्मचारी मोबाइल चलाने और झपकी लेने में व्यस्त दिखे. यहां तक कि एक दरोगा अपनी टोपी के पीछे छिपाकर फिल्म देखते नजर आए. कैमरा सामने आते ही कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई. इस घटना ने प्रशासनिक गंभीरता पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं.

क्या है पूरा मामला? (Azamgarh Samadhan Diwas)

आजमगढ़ के सदर तहसील में पिछले शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस का एक वीडियो इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है. इस वीडियो ने सरकारी दावों और अधिकारियों की संवेदनशीलता की पोल खोलकर रख दी है. बैठक के दौरान जब दूर-दराज से आए पीड़ित और फरियादी अधिकारियों के सामने अपनी समस्याओं को रखकर न्याय की गुहार लगा रहे थे, ठीक उसी समय कई विभागों के आला अधिकारी और कर्मचारी अपने मोबाइल फोन में व्यस्त दिखाई दिए. हद तो तब हो गई जब कुछ अधिकारी बैठक में ही ऊंघते और गहरी झपकी लेते हुए कैमरे में कैद हो गए.

इस पूरे घटनाक्रम में सबसे हैरान करने वाला नजारा पुलिस विभाग की तरफ से देखने को मिला. समाधान दिवस में सुरक्षा और न्याय की उम्मीद जगाने वाले एक दरोगा जी अपनी ड्यूटी भूलकर अपनी टोपी के अंदर मोबाइल छुपाकर फिल्म देखने में मग्न थे. उन्हें इस बात का अंदाजा भी नहीं था कि उनकी यह हरकत कैमरे में रिकॉर्ड हो रही है.

कैमरा देखते ही सभागार में हड़कंप (Azamgarh Sadar Tehsil)

जैसे ही मीडिया का कैमरा अधिकारियों और कर्मचारियों के सामने आया, तहसील सभागार में हड़कंप मच गया. कैमरा देखते ही मोबाइल चला रहे कर्मचारी हड़बड़ाहट में उसे छिपाने लगे, लेकिन तब तक उनकी ये सारी गतिविधियां रिकॉर्ड हो चुकी थीं. एक तरफ गरीब जनता अपनी शिकायतों के निस्तारण के लिए अधिकारियों के चक्कर काट रही थी, तो दूसरी तरफ जनता के इन सेवकों को उनकी बातों में कोई दिलचस्पी नहीं थी. वीडियो सामने आने के बाद अब आजमगढ़ प्रशासन की कार्यशैली और अधिकारियों की गंभीरता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं.

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-भारत एक्सप्रेस 

Shubhra Rai

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