Humanitarian Award 2023 : दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के लिए परोपकारी-कार्य करने वाले उत्तर प्रदेश के एक विधायक को भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI DY Chandrachud) डीवाई चंद्रचूड़ ने सम्मानित किया. जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह को (MLA Rajeshwar Singh) ह्यूमैनिटेरियन अवार्ड-2023 से नवाजा. यह अवार्ड उन्हें फिलांथ्रोपिस्ट (परोपकारी) कैटेगरी में दिया गया. बता दें कि डॉ. राजेश्वर सिंह उत्तर प्रदेश के सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक हैं. वह लंबे समय से दिव्यांगजनों के हित में भी काम करते रहे हैं.
ह्यूमैनिटेरियन अवार्ड-2023 से सम्मानित किए जाने पर डॉ. राजेश्वर सिंह चीफ जस्टिस डी. वाई. चंद्रचूड समेत अन्य हस्तियों का धन्यवाद दिया. इस मौके पर उन्होंने कहा कि ‘मैं हमेशा शारीरिक एवं मानसिक दिव्यांग बच्चों के लिए परिश्रम करता रहूंगा.’
बता दें कि यह कार्यक्रम शनिवार को ‘तमन्ना’ एनजीओ द्वारा आयोजित किया गया, जो कि शारीरिक और मानसिक रूप से अक्षम बच्चों के लिए सक्रिय रहा है. पुरस्कार समारोह के दौरान कुल 12 विभूतियों को ह्यूमैनिटेरियन अवार्ड-2023 से सम्मानित किया गया. ह्यूमैनिटेरियन अवार्ड-2023 समारोह में चीफ जस्टिस डी. वाई. चंद्रचूड मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे थे. चीफ जस्टिस डी. वाई. चंद्रचूड के हाथों कई सज्जन पुरुषों को उनके उल्लेखनीय कार्यों के लिए सम्मानित किया गया.
पुरस्कार समारोह की आयोजिका तमन्ना फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. श्यामा चोना थीं. डॉ. श्यामा चोना ‘तमन्ना’ एसोसिएशन (1984) की संस्थापक-अध्यक्ष और दिल्ली पब्लिक स्कूल-आरके पुरम की प्रिंसिपल भी रही हैं. उन्हें दिव्यांगजन सशक्तिकरण के कार्यों के लिए पदम श्री तथा पद्म भूषण से सम्मानित किया जा चुका है. फिलहाल वह अपने एनजीओ ‘तमन्ना’ के जरिए दिव्यांगजन सशक्तिकरण की दिशा में सक्रिय हैं.
यह भी पढ़ें: उत्तर प्रदेश में 80 साल की वृद्धा को उसके बेटे ने छोड़ दिया था अकेला, विधायक राजेश्वर सिंह ने ऐसे संभाला
समारोह के दौरान सरोजनीनगर के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह द्वारा क्षेत्र में दिव्यांगजन सशक्तिकरण की दिशा में किये गए कार्यों की एक झलक वीडियो में दिखाई गई. बताया जाता है कि डॉ. राजेश्वर सिंह द्वारा CSR, CRC और विधायक निधि के माध्यम से क्षेत्र के 1500 से अधिक दिव्यांगजनों को 350 से अधिक ट्राईसिकल, 102 व्हील चेयर, 360 से अधिक दिव्यांगों को क्रचेज, वाकिंग स्टिक्स, ट्राईपॉड्स व हियरिंग एड्स उपलब्ध कराई गईं. इतना ही नहीं, उन्होंने गांव-गांव टीमें भेजकर दिव्यांगजनों के आंकड़े जुटाए, उनके लिए परीक्षण शिविर का आयोजन किया. जहां स्वास्थ्य, रेल, परिवहन निगम, समाज कल्याण व नगर निगम के अधिकारियों ने भी हिस्सा लिया. उनकी ओर से 800 से अधिक UDID कार्ड, पेंशन तथा रेल- बस कंसेशन पास बनवाकर वितरित कराए गए.
— भारत एक्सप्रेस
सुप्रीम कोर्ट में चुनाव आयोग की नियुक्ति, कानूनी सुरक्षा और अंदरूनी फैसलों को लेकर 3…
AYODHYA DEEPOTSAV 2026 MEGA RECORD: रामनगरी अयोध्या में इस बार दीपोत्सव का आयोजन अपनी भव्यता,…
सोशल मीडिया पर दिल्ली प्रदर्शन से जोड़ते हुए एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा…
India-UK relations: ऋषि सुनक ने पीएम नरेंद्र मोदी से मुलाकात के बाद भारत-ब्रिटेन संबंधों की…
दिल्ली में एक दुकानदार ने आरोप लगाया है कि हर महीने कथित तौर पर पैसे…
9 बार नोबेल पुरस्कार के लिए नामांकित होने के बावजूद नजरअंदाज किए गए महान भारतीय…