लीगल

लैंड फॉर जॉब से संबंधित सीबीआई के मामले में लालू प्रसाद यादव को सुप्रीम कोर्ट से नही मिली राहत

लैंड फॉर जॉब से संबंधित सीबीआई के मामले में कथित आरोपी और आरजेडी सुप्रीमो प्रमुख लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें कम होने का नाम नही ले रहा है. सुप्रीम कोर्ट ने लालू प्रसाद यादव की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई से इनकार कर दिया है. लालू प्रसाद यादव ने दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के खिलाफ याचिका दायर की थी. दिल्ली हाई कोर्ट इस मामले में सुनवाई के लिए 12 अगस्त की तारीख तय कर रखा है. लालू प्रसाद यादव ने सीबीआई द्वारा दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग की है.

बता दें कि इससे पहले भी लालू प्रसाद यादव ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर निचली अदालत में चल रहे कार्रवाई पर रोक लगाने से इंकार कर दिया था. दायर याचिका में कहा गया था कि पिछली जांच और उसकी समापन रिपोर्ट को छुपाकर नई जांच शुरू की गई है, जो कानूनी प्रक्रियाओं का दुरुपयोग है.

राजनीतिक प्रतिशोध या कानूनी कार्रवाई?

उन्होंने कहा था कि यह कार्रवाई राजनीतिक दुर्भावना के प्रेरित होकर परेशान करने के लिए किया जा रहा है. दिल्ली हाई कोर्ट ने 29 मई को अपने आदेश में कहा था कि कार्यवाही पर रोक लगाने के लिए कोई ठोस कारण नहीं है. यह मामला राजनीतिक और कानूनी दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह दर्शाता है कि कैसे कानूनी प्रक्रियाओं का पालन किया जाना चाहिए और क्या कानूनी प्रावधानों का उल्लंघन किया गया है.

सीबीआई द्वारा दायर अंतिम सप्लिमेंट्री चार्जशीट में 78 लोगों को आरोपी बनाया गया है. सीबीआई के मुताबिक 38 कैंडिडेट्स है इसके अलावे कुछ अधिकारी शामिल है. सीबीआई ने 6 मार्च को इस मामले में तीसरी सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल किया था. जिसमे भोला यादव को आरोपी बनाया गया है. सीबीआई द्वारा दाखिल पूरक आरोप पत्र में कहा गया है कि भोला यादव लालू प्रसाद यादव के सचिव रह चुके है और वही सभी काम देखते थे.

मीसा भारती भी सूची में शामिल

भोला यादव ही अधिकारियों को निर्देश देते थे. इस मामले में लालू प्रसाद यादव सहित उनके परिवार के पांच सदस्य आरोपी है. इसमें लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव, मीसा भारती और हेमा यादव शामिल है. सीबीआई से जुड़े मामले में कोर्ट ने 4 अक्टूबर 2023 को तेजस्वी यादव, लालू प्रसाद यादव, और राबड़ी देवी को जमानत दी थी. कोर्ट ने 22 सितंबर 2023 को सीबीआई की ओर से दाखिल दूसरी सप्लिमेंट्री चार्जशीट पर संज्ञान लिया था.


ये भी पढ़े: जस्टिस यशवंत वर्मा के दिल्ली स्थित सरकारी आवास पर मिले जला हुआ कैश के मामले दायर, मामले में सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा


भारत एक्सप्रेस

गोपाल कृष्ण

Recent Posts

Explainer: नेपाल में कुत्ते से दरिंदगी पर चर्चा में ब्राजील का ‘सैसॉं कानून’, क्या भारत में संभव है सख्त सजा?

Animal Cruelty Legal Explainer: नेपाल में कुत्ते को नदी में फेंकने के वायरल वीडियो के…

22 minutes ago

लालबागचा राजा पहुंचे रणवीर सिंह ने 1000 लड़कियों की पढ़ाई का उठाया जिम्मा, रणबीर-आलिया भी आए साथ

Ranveer Singh Lalbaugcha Raja Seva Sankalp: गणेश उत्सव के दौरान मुंबई के लालबागचा राजा पहुंचे…

30 minutes ago

जगतार सिंह जोहल को दिल्ली हाई कोर्ट से बड़ी राहत, UAPA मामलों में मिली जमानत

UAPA Case: हत्या और यूएपीए के मामले में आरोपी जगतार सिंह जोहल को दिल्ली हाई…

1 hour ago

चाय की दुकान पर लगा ली फांसी…’ निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोली ने की खुदकुशी

देशभर में चर्चित रहे 2006 के निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोली ने उत्तराखंड के…

1 hour ago

प्यार न करने की मिली खौफनाक सजा! बेंगलुरु में युवती की सरेआम चाकू मारकर हत्या, झकझोर देगा VIDEO

बेंगलुरु में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जहां 21 वर्षीय कानून…

1 hour ago