(प्रतीकात्मक तस्वीर)
लेबनान (Lebanon) ने राजधानी के बेरूत एयरपोर्ट (Beirut Airport) से उड़ान भरने वाली फ्लाइट्स में वॉकी-टॉकी (Walkie-Talkie) और पेजर (Pager) ले जाने पर बैन लगा दिया है. यह कदम लेबनान में लगातार दो दिनों तक देश भर में पेजर और वॉकी-टॉकी में हुए विस्फोटों के बाद उठाया गया.
लेबनानी स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, 17 और 18 सितंबर को हुए धमाकों में 37 लोग मारे गए और 3,000 से अधिक लोग घायल हुए है. विस्फोटों में बड़ी मात्रा में वॉकी-टॉकी और पेजर शामिल थे, जिनका उपयोग ईरान (Iran) समर्थित आतंकवादी समूह हिजबुल्लाह (Hezbollah) ने कथित तौर पर अपने अभियानों में किया था.
लेबनान के इस फैसले के बाद कतर एयरवेज ने भी बेरूत-रफीक हरीरी इंटरनेशनल एयरपोर्ट (BEY) से यात्रा करने वाले पैसेंजर्स के लिए फ्लाइट में पेजर और वॉकी-टॉकी लाने पर प्रतिबंध लगा दिया है. एयरलाइन ने गुरुवार (19 सितंबर) को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि ये नियम अगले आदेश तक लागू रहेंगे.
कतर एयरवेज ने एक्स पर लिखा, ‘तत्काल प्रभाव से: लेबनान गणराज्य के नागरिक उड्डयन महानिदेशालय से प्राप्त निर्देश के बाद बेरूत-रफीक हरीरी इंटरनेशनल एयरपोर्ट (बीईवाई) से उड़ान भरने वाले सभी यात्रियों के लिए विमान में पेजर और वॉकी-टॉकी ले जाने पर रोक रहेगी.’
कतर एयरवेज (Qatar Airways) ने कहा कि यह बैन चेक किए गए कैरी-ऑन लगेज और कार्गो दोनों पर लागू होगा. लेबनान के स्वास्थ्य मंत्री फिरास अबियाद ने गुरुवार को बताया कि मंगलवार और बुधवार को कई पेजर और हैंडहेल्ड रेडियो में हुए धमाकों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 37 हो गई, जबकि 2,931 लोग घायल हुए.
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हालिया विस्फोटों ने इजरायल (Israel) और हिजबुल्लाह के बीच 11 महीने से चल रहे संघर्ष को एक खतरनाक मोड़ पर ला दिया है. दोनों पक्ष एक दूसरे पर बड़े हमले कर रहे हैं. इनमें इजरायली एयर स्ट्राइक और उत्तरी इजरायल पर हिजबुल्लाह के अटैक शामिल हैं. लेबनानी विदेश मंत्रालय ने विस्फोटों को ‘खतरनाक और जान-बूझकर की गई इजरायली कार्रवाई’ बताया.
लेबनान के आंतरिक सुरक्षा बलों ने कहा कि देश के कई हिस्सों में वायरलेस संचार उपकरणों में विस्फोट हुए, लेकिन विशेष रूप से राजधानी बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में धमाके हुए. बता दें यह इलाका हिजबुल्लाह का गढ़ है.
तीन सुरक्षा सूत्रों ने बताया कि जिन पेजरों में विस्फोट हुआ, वे हिजबुल्लाह ने हाल के महीनों में ही मंगाए थे. हिजबुल्लाह ने इन विस्फोटों के लिए इजरायल को जिम्मेदार ठहराया है. वहीं इजरायल ने धमाकों की जिम्मेदारी नहीं ली है.
हिजबुल्लाह और इजरायल के बीच तनाव बढ़ने के साथ ही इजरायल डिफेंस फोर्सेस (IDF) ने गुरुवार को लेबनान में हिजबुल्लाह के गढ़ों को निशाना बनाकर नए हवाई हमले शुरू किए.
एक्स पर पोस्ट किए गए एक बयान में IDF ने कहा कि इसका उद्देश्य हिजबुल्लाह की सैन्य क्षमताओं और बुनियादी ढांचे को कम करना है. इजरायली सेना दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्लाह के सुरंगों और नागरिक घरों के नेटवर्क पर ध्यान केंद्रित कर रही है, जिसका समूह कथित तौर पर सैन्य अभियानों के लिए उपयोग करता है.
IDF ने पोस्ट में कहा, ‘IDF वर्तमान में लेबनान में हिजबुल्लाह के ठिकानों पर हमला कर रहा है, ताकि हिजबुल्लाह की आतंकवादी क्षमताओं और बुनियादी ढांचे को कमजोर किया जा सके. दशकों से हिजबुल्लाह ने लोगों के घरों को हथियार बना लिया है, उनके नीचे सुरंगें खोदी गई हैं और नागरिकों को मानव ढाल (Human Shields) के रूप में इस्तेमाल किया है, जिससे दक्षिणी लेबनान युद्ध क्षेत्र में बदल गया है.’
(समाचार एजेंसी आईएएनएस से इनपुट के साथ)
-भारत एक्सप्रेस
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