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कांग्रेस-सपा की खींचतान से बीजेपी को मौका! नितिन नवीन ने यूपी में खींच दी लकीर

Uttar Pradesh elections 2027: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में बीजेपी सहयोगी दलों के साथ तालमेल बनाकर आगे बढ़ रही है, जबकि कांग्रेस और सपा सीटों के बंटवारे में खींचतान में फंसे हैं. जानें पूरी चुनावी रणनीति और राजनीतिक समीकरण.

Uttar Pradesh elections 2027: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव का माहौल पूरी तरह बन चुका है. सभी दल अपनी-अपनी रणनीति में जुटे हैं. बीजेपी जहां सहयोगी दलों के साथ तालमेल साधने में आगे दिख रही है वहीं विपक्षी खेमे में सीटों के बंटवारे को लेकर खींचतान जारी है. इस वजह से चुनावी तस्वीर और भी दिलचस्प हो गई है.

बीजेपी का सहयोगी दलों पर फोकस

बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने लखनऊ दौरे के दौरान साफ कहा कि पार्टी सहयोगी दलों के साथ मिलकर चुनाव लड़ेगी. उन्होंने भरोसा जताया कि इस बार भी बीजेपी पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाएगी. ताज होटल में हुई बैठक में उन्होंने सहयोगी नेताओं से मुलाकात कर यह संदेश दिया कि बीजेपी सबको साथ लेकर चलने की नीति पर कायम है.

कांग्रेस-सपा में सीटों को लेकर खींचतान

दूसरी ओर कांग्रेस ने समाजवादी पार्टी पर दबाव बनाने की कोशिश शुरू कर दी है. यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने बराबरी वाले समझौते की बात रखी और मायावती की भी तारीफ की. कांग्रेस की रणनीति साफ है कि सपा से ज्यादा सीटें हासिल करने के लिए दबाव बनाया जाए. इस खींचतान से तैयारी में देरी का खतरा भी मंडरा रहा है.

बीजेपी की रणनीति का फायदा

बीजेपी चाहती है कि सहयोगी दलों के साथ सीटें पहले ही तय हो जाएं ताकि उम्मीदवारों को तैयारी का पर्याप्त समय मिले. अगर सीटों पर देर से सहमति बनती है तो आपसी विवाद की संभावना बढ़ जाती है. इसलिए बीजेपी का शुरुआती तालमेल उसके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है.

पिछड़े वर्ग को साधने की कोशिश

2014 के बाद से बीजेपी ने यूपी में ओम प्रकाश राजभर, संजय निषाद और अनुप्रिया पटेल जैसे नेताओं को साथ लेकर गैर-यादव ओबीसी वर्ग को साधा है. इस रणनीति से पार्टी को लगातार लाभ मिला है. अब एक बार फिर बीजेपी उसी रास्ते पर चल रही है, जिससे उसकी चुनावी तैयारी मजबूत दिख रही है.

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कुल मिलाकर बीजेपी सहयोगी दलों के साथ तालमेल बनाकर चुनावी मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है जबकि कांग्रेस और सपा सीटों के बंटवारे में उलझे हुए हैं. ऐसे में बीजेपी की रणनीति उसे शुरुआती बढ़त दिलाती नजर आ रही है.

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-भारत एक्सप्रेस



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