Bharat Express DD Free Dish

Bhiwandi: ताश के पत्तों की तरह ढही 4 मंजिला ‘कोहिनूर’ इमारत, 3 मजदूरों की मौत

महाराष्ट्र के भिवंडी में जर्जर चार मंजिला कोहिनूर बिल्डिंग का एक हिस्सा ढहने से 3 मजदूरों की मौत हो गई. NDRF, फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीमें मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं.

Bhiwandi Kohinoor Building Collapse: महाराष्ट्र के ठाणे जिले से एक बेहद दर्दनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा सामने आया है. दरअसल भिवंडी के नारपोली इलाके स्थित भंडारी कंपाउंड में मौजूद चार मंजिला ‘कोहिनूर’ इमारत का एक बड़ा हिस्सा (बी-विंग) अचानक ताश के पत्तों की तरह भरभराकर ढह गया. इस भीषण हादसे में मलबे में दबने से 3 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य मजदूरों के अभी भी भारी-भरकम मलबे के नीचे दबे होने की आशंका है.

बता दें कि घटना के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल बन गया. सूचना मिलते ही पुलिस, नगर निगम की टीम और एनडीआरएफ (NDRF) के जांबाजों ने मौके पर पहुंचकर युद्धस्तर पर राहत व बचाव कार्य शुरू कर दिया है.

3 पिलर एक साथ तोड़ने से बिगड़ा संतुलन(Bhiwandi Kohinoor Building Collapse)

हादसे को लेकर भिवंडी पश्चिम के स्थानीय विधायक महेश चौगुले ने बताया कि यह घटना नारपोली स्थित जर्जर कोहिनूर इमारत में हुई. शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि इमारत के नीचे काम कर रहे मजदूरों द्वारा एक साथ तीन पिलरों को तोड़े जाने की वजह से पूरी बिल्डिंग का संतुलन अचानक बिगड़ गया और बी-विंग धराशायी हो गई.

रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान एनडीआरएफ की टीम ने अब तक एक मासूम बच्ची समेत तीन लोगों को मलबे से सुरक्षित बाहर निकाला है. सुरक्षित बची बच्ची ने बताया कि हादसे के वक्त उसके माता-पिता किसी तरह बाहर भागने में सफल रहे, लेकिन वह मलबे में फंस गई थी, जिसे रेस्क्यू टीम ने बचा लिया.

ये भी पढ़ें: पूर्वोत्तर में बाढ़ का कहर! PM मोदी ने अरुणाचल और नागालैंड के सांसदों से ली रिपोर्ट, राहत कार्यों में तेजी के निर्देश

नगर निगम ने पहले ही घोषित किया था जर्जर

भिवंडी-निज़ामपुर शहर नगर निगम प्रशासन ने इस इमारत को काफी समय पहले ही अति-जर्जर और जानलेवा मानते हुए ‘सी-कैटेगरी’ (C-Category) घोषित कर दिया था और इसे खाली भी करा लिया गया था. इमारत खाली होने के बावजूद इसके निचले हिस्से में मजदूरों से काम कराया जा रहा था, जो इस बड़े हादसे और मौतों का मुख्य कारण बना.

बताते चलें हादसे में जान गंवाने वालों में देवजी नगर के 32 वर्षीय रहवासी शमीम शेख का शव बरामद कर लिया गया है, जबकि अन्य दो शवों को मलबे से बाहर निकालने की कोशिशें देर रात तक जारी रहीं.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read