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UP News: मुजफ्फरनगर के बाद अब अलीगढ़ के हनुमान मंदिर में जींस, स्कर्ट-टॉप और छोटे कपड़ों पर रोक, मुस्लिमों का प्रवेश बैन

Aligarh: महंत का मानना अशोभनीय वस्त्र पहनने से पूजा करने आए भक्तों का भटकता है ध्यान. मंदिर के बाहर लोगों को जागरूक करने के लिए पर्चे भी लगा दिए गए हैं.

मंदिर में चस्पा पर्चे

Edited by Nitish Pandey

प्रकाश सिंह

UP News: मुजफ्फरनगर के बाला जी मंदिर के बाद अब अलीगढ़ के ऐतिहासिक गिलहराज हनुमान जी के मंदिर में श्रद्धालुओं के छोटे और अशोभनीय कपड़ों के पहन कर मंदिर में प्रवेश करने पर रोक लगा दी गई है. इसके साथ ही यहां पर एक समुदाय के लोगों को भी मंदिर में प्रवेश के लिए रोक दिया गया है. इतना ही नहीं, हिंदू भक्तों के लिए ड्रेस कोड भी जारी कर दिया गया है. हालांकि मुजफ्फरनगर के मंदिर में तो नियम न मानने वालों पर जुर्माना भी लगाने की बात कही गई है, लेकिन यहां पर भक्तों से केवल अपील की गई है. जुर्माने की कोई बात नहीं कही गई है.

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में हजारों वर्ष पुराने ऐतिहासिक गिलहराज हनुमान जी के मंदिर में मुस्लिम महिला और पुरुषों का प्रवेश प्रतिबंध कर दिया गया है. साथ ही हिंदू भक्तों के लिए भी नया ड्रेस कोड जारी कर दिया गया है. छोटे कपड़े और कटी फटी जींस को पहन कर आने पर रोक लगा दी गई है. महंत योगी कौशल नाथ ने कहा कि, हिंदू पुरुष भक्त मंदिर में कटी फटी जींस छोटे कपड़े (बरमूडा) पहन कर प्रवेश नहीं कर सकेंगे तो वहीं महिलाओं और युवतियों को भी छोटे कपड़े व जींस आदि पहनकर मंदिर में प्रवेश करने पर रोक लगा दी गई है. इसको लेकर मंदिर के महंत ने मई गाइडलाइन जारी की है.

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महंत का मानना अशोभनीय वस्त्र पहनने से पूजा करने आए भक्तों का भटकता है ध्यान. मंदिर के बाहर लोगों को जागरूक करने के लिए पर्चे भी लगा दिए गए हैं. वही मंदिर के बाहर लगी पर्ची को देखकर पूजा अर्चना करने आए भक्तों का कहना है कि महंत जी का यह निर्णय बेहद सराहनीय है. एक अन्य भक्त राधेश्याम गुप्ता ने कहा कि, मंदिर में पूजा अर्चना के दौरान शालीनता वाले ही कपड़े पहनने चाहिए, जिससे कि किसी भक्त का ध्यान ना भटके. भक्तों का कहना है कि मुस्लिमों को प्रवेश पर रोक भी अच्छी बात है, क्योंकि मुसलमानों का मंदिर से कोई लेना-देना भी नहीं है. महंत जी के इस निर्णय का हम स्वागत करते हैं.

बता दें कि इस मंदिर में जिले के आस-पास के लोग भी दर्शन करने पहुंचते हैं. यह मंदिर हजारों वर्ष पुराना है. इस मंदिर में हनुमान जी को गिलहरी के रूप में पूजा जाता है. इस मंदिर में पूजा अर्चना करने के लिए भक्त अलीगढ़ के अलावा अन्य जिलों के विभिन्न इलाकों से पहुंचते हैं. मान्यता है कि इस मंदिर में पहुंचने वाले भक्तों की हर मनोकामना पूरी हो जाती है. यह मंदिर गांधी पार्क थाना इलाके के पुराने शहर स्थित अचल तालाब पर है. बता दें कि अभी एक दिन पहले ही मुजफ्फर नगर में बाला जी मंदिर में भी कटे-फटे और कम कपड़ों पर रोक लगाई गई है. यहां इसको लेकर नोटिस चस्पा की गई है.

-भारत एक्सप्रेस



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