गोवा में आयोजित होने वाला इवेंट ‘टेल्स ऑफ़ कामसूत्र एंड क्रिसमस सेलिब्रेशन’ (Tales Of Kamasutra And Christmas Celebration) विवादों के बाद रद्द कर दिया गया है. अगले महीने गोवा में होने वाले इस इवेंट की बहुत आलोचना हुई, जिसके बाद गोवा पुलिस ने ऑर्गनाइज़र को इवेंट रोकने का निर्देश दिया. ऑर्गनाइज़र से इससे जुड़े सभी ऐड हटाने को कहा गया है.
गोवा पुलिस ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “हमने तुरंत इस मामले पर ध्यान दिया है और ऑर्गनाइज़र को इवेंट न करने का निर्देश दिया है. ऑर्गनाइज़र को सोशल मीडिया से ऐड हटाने का भी निर्देश दिया गया है. इसके अलावा पुलिस स्टेशनों को अपने क्षेत्र में आने वाले इवेंट पर नज़र रखने का निर्देश दिया गया है” क्रिसमस और नए साल के त्योहारों से पहले राज्य भर के पुलिस स्टेशनों को आने वाले इवेंट्स पर नज़र रखने का निर्देश दिया गया है.
We have promptly taken cognizance of this matter and have directed organisers to not go ahead with the event. Organisers have also been directed to remove the advertisements from social media.
Additionally, police stations have been directed to maintain vigil over upcoming… https://t.co/3XXj0pCJXL
— Goa Police (@Goa_Police) November 23, 2025
यह इवेंट गोवा की इमेज खराब कर रहा है
NGO ‘अर्ज’ (अन्य रहित ज़िंदगी) के फाउंडर और डायरेक्टर अरुण पांडे ने गोवा को “सेक्स डेस्टिनेशन” के तौर पर दिखाए जाने पर चिंता जताई. उन्होंने आरोप लगाया कि ओशो, क्रिसमस और मेडिटेशन के नाम पर राज्य की इमेज खराब की जा रही है और उन्होंने गोवा क्राइम ब्रांच में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है.
It is really unfortunate that in the name of OSHO, Christmas, Meditation ……Goa is being advertised as Sex Destination!
I have lodged a written complaint with Goa Crime Branch.
Hoping that strict action will be taken against the advertisers & organisers. pic.twitter.com/eCAnMg95Jh
— Arun Pandey (@arunpandeygoa) November 22, 2025
एक्स पर एक पोस्ट में अरुण पांडे ने कहा, “यह सच में बहुत बुरा है कि OSHO, क्रिसमस, मेडिटेशन के नाम पर गोवा को सेक्स डेस्टिनेशन के तौर पर एडवर्टाइज़ किया जा रहा है!… मैंने गोवा क्राइम ब्रांच में एक रिटन कंप्लेंट दर्ज कराई है. उम्मीद है कि एडवर्टाइज़र और ऑर्गेनाइज़र के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा.”
धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप
इसके अलावा कैथोलिक एसोसिएशन ऑफ़ गोवा के प्रेसिडेंट, सिरिल ए फर्नांडीस ने भी पुलिस में शिकायत की थी. उन्होंने शिकायत में यह कहा कि यह इवेंट धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाता है और यौन अपराध को बढ़ावा देता है.
कॉन्फ्रेंस ऑफ़ कैथोलिक बिशप्स ऑफ़ इंडिया (CCBI) के प्रेसिडेंट, आर्कबिशप फिलिप नेरी कार्डिनल फेराओ ने एडवर्टाइज़मेंट की आलोचना करते हुए कहा कि यह इवेंट गैर-जिम्मेदाराना तरीके से पवित्र क्रिसमस सेलिब्रेशन को साफ और अलग थीम से जोड़ता है. उन्होंने कहा कि यह इवेंट को लोगों की आस्था और भावनाओं के लिए बहुत बुरा है और अथॉरिटीज़ से मामले की जांच करने के लिए भी कहा.
गोवा के चर्च ने भी जताया दुख
एएनआई ने CCBI प्रेसिडेंट के हवाले से कहा, “गोवा का चर्च सोशल मीडिया पर हाल ही में आए उस ऐड पर दुख जताया है, जिसमें गैर-ज़िम्मेदाराना तरीके से क्रिसमस के पवित्र त्योहार को साफ़ और अलग थीम से जोड़ा गया है. क्रिसमस दुनिया भर के ईसाइयों के लिए एक पवित्र समय है, खुशी, शांति और ईसा मसीह के जन्म में ज़ाहिर हुए भगवान के प्यार की याद का मौसम है.”
ऑर्गनाइज़र और प्रमोटर से ऐड तुरंत वापस लेने की अपील करते हुए, उन्होंने आगे कहा, “इस पवित्र मौके को ऐसे थीम से जोड़कर बिगाड़ना जो पूरी तरह से अलग है और इसके आध्यात्मिक मतलब के उलट है, लाखों लोगों की आस्था और भावनाओं के लिए बहुत बुरा है.”
क्या है टेल्स ऑफ़ कामसूत्र फेस्टिवल ?
टेल्स ऑफ कामसूत्र फेस्टिवल 25 से 28 दिसंबर तक होने वाला था. इसे रजनीश फाउंडेशन ने प्रमोट किया था और ओशो लुधियाना मेडिटेशन सोसाइटी से जुड़े स्वामी ध्यान सुमित ने होस्ट किया था. इस फेस्टिवल के जरिए कामसूत्र से जुड़ी कथाओं, ध्यान सेशंस और वेलनेस एक्टिविटी को एक साथ पेश करना बताया गया है. इन्हीं सब के बारे में इस आयोजन के जरिए लोगों तक पहुंचाना था.
-भारत एक्सप्रेस
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