Bharat Express DD Free Dish
Pension Mission Shakti Digital
Pension Mission Shakti Digital

भारत के फ्री ट्रेड एग्रीमेंट कभी भी राष्ट्रीय हितों की कीमत पर नहीं होंगे, व्यापारियों को चिंता करने की जरूरत नहीं: वाणिज्य-उद्योग मंत्री Piyush Goyal

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने रविवार को कहा कि भारत के फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) कभी भी राष्ट्रीय हितों की कीमत पर नहीं होंगे.

Piyush Goyal

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल (Piyush Goyal) ने रविवार को कहा कि भारत के फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) कभी भी राष्ट्रीय हितों की कीमत पर नहीं होंगे.

श्रीनगर में एफटीआईआई ट्रेडर्स कॉन्क्लेव में बोलते हुए गोयल ने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि सभी व्यापार सौदे पारस्परिक हों और भारतीय व्यापारियों और निर्माताओं के हितों की रक्षा करें.

उन्होंने कहा, “एफटीए पर हस्ताक्षर इसलिए किए जाते हैं ताकि हमारे स्थानीय सामानों को अन्य देशों में शुल्क मुक्त पहुंच मिल सके और अन्य बाजारों तक पहुंचने में आने वाली बाधाओं को दूर किया जा सके. लेकिन यह स्वाभाविक है कि एफटीए में दोतरफा व्यापार होगा. ऐसा नहीं हो सकता कि वे हमारे सामानों के लिए अपने बाजार खोलें जबकि हम नहीं.”

क्षेत्र के व्यापारियों को स्पष्ट संदेश देते हुए मंत्री ने कहा कि केंद्र विदेशी भागीदारों के साथ बाजार पहुंच पर बातचीत करते समय संवेदनशील क्षेत्रों या क्षेत्रीय चिंताओं से समझौता नहीं करेगा.

उन्होंने कहा, “व्यापारियों को चिंता करने की जरूरत नहीं है. हम जो भी एफटीए करेंगे, उसमें जम्मू-कश्मीर और पूरे देश के हितों को ध्यान में रखा जाएगा.”

गोयल की यह टिप्पणी ऐसे समय पर आई है जब भारत-अमेरिका के बीच एफटीए को लेकर बातचीत चल रही है. यह व्यापार समझौता भारतीय निर्यात को अमेरिकी टैरिफ वृद्धि से छूट देगा.

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत व्यापार का विस्तार करने के लिए तैयार है, लेकिन सभी समझौते निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा, घरेलू क्षमता निर्माण और दीर्घकालिक आर्थिक मजबूती सुनिश्चित करने के लिए बनाए जाएंगे.

केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि सरकार ‘वोकल फॉर लोकल’ को बढ़ावा दे रही है और यह सुनिश्चित कर रही है कि स्थानीय उत्पाद वैश्विक स्तर पर जाए.

गोयल ने कहा, “हमारा दृष्टिकोण ‘मेक इन इंडिया’ और ‘मेक फॉर द वर्ल्ड’ दोनों का समर्थन करता है.”

मंत्री ने इस सप्ताह की शुरुआत में कहा था कि भारत समयसीमा के आधार पर व्यापार समझौते नहीं करता है, बल्कि आपसी लाभ और राष्ट्रीय हित के आधार पर करता है.

भारत ने शुक्रवार को विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) को यह भी बताया कि वह ऑटोमोबाइल और कुछ ऑटो पार्ट्स पर अमेरिका द्वारा हाल ही में शुल्क वृद्धि के जवाब में चुनिंदा अमेरिकी उत्पादों पर जवाबी शुल्क लगाने की योजना बना रहा है.

(न्यूज एजेंसी IANS से साभार)



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Pension Mission Shakti Digital