नीतीश कुमार के लिए मांगा सर्वोच्च सम्मान
KC Tyagi demands Bharat Ratna for Nitish Kumar: जनता दल (यूनाइटेड) के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद केसी त्यागी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से सम्मानित करने की मांग की है. 8 जनवरी 2026 को लिखे इस पत्र ने बिहार के सियासी गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है. आइये जानें आखिर त्यागी ने अपनी मांग के पीछे क्या-क्या तर्क दिए हैं?
क्या हैं केसी त्यागी के तर्क? (Bharat Ratna for Nitish Kumar)
केसी त्यागी ने अपने पत्र में तर्क दिया है कि जिस तरह केंद्र सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह और बिहार के जननायक कर्पूरी ठाकुर को सम्मानित किया, उसी तर्ज पर ‘समाजवादी आंदोलन के अनमोल रत्न’ नीतीश कुमार को भी सम्मानित किया जाना चाहिए. त्यागी ने पीएम मोदी को लिखे पत्र में 30 मार्च 2024 के दिन को याद दिलाया है. उन्होंने लिखा कि-
’30 मार्च हमारे पुरखों के सम्मान का दिन है. आपके प्रयासों से स्व. चौधरी चरण सिंह और स्व. कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न से नवाजा गया. इन्होंने किसानों और हाशिए पर खड़े लोगों को सम्मान दिलाने का काम किया था.” त्यागी ने पीएम की सराहना करते हुए कहा कि नीतीश कुमार भी उसी समाजवादी धारा के वाहक हैं.’
‘जीवित रहते मिले सम्मान’
त्यागी ने अपनी मांग के पक्ष में तर्क दिया है कि भारत रत्न केवल मरणोपरांत ही नहीं, बल्कि जीवित रहते हुए भी कई महानायकों को दिया गया है. उन्होंने पीएम मोदी से भावुक अपील करते हुए लिखा कि करोड़ों जनमानस की ओर से आपसे निवेदन है कि नीतीश कुमार को भी इस सम्मान से नवाजा जाए. अगर ऐसा होता है, तो इतिहास आपके इस प्रयास को लंबे समय तक याद रखेगा.
क्यों खास है नीतीश कुमार का योगदान? (Champion Nitish Kumar)
केसी त्यागी और जेडीयू का मानना है कि नीतीश कुमार सामाजिक न्याय के चैंपियन हैं. 1 मार्च 1951 को बख्तियारपुर में जन्मे नीतीश कुमार ने जेपी आंदोलन से अपनी राजनीतिक पारी शुरू की और राम मनोहर लोहिया के विचारों को आगे बढ़ाया.
- नीतीश कुमार पंचायत स्तर पर महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने वाले और उन्हें आरक्षण देने वाले पहले नेताओं में से एक हैं.
- उन्होंने राजनीतिक नुकसान की परवाह किए बिना बिहार में शराबबंदी जैसा सख्त और ऐतिहासिक फैसला लागू किया.
- बिहार की सड़कों, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे में आमूलचूल परिवर्तन करने का श्रेय उन्हें जाता है.
ये भी पढ़ें: कहलगांव का ‘खूनी’ क्लीनिक: YouTube देख किया गर्भवती का ऑपरेशन, बच्चा बचा पर ‘कट’ से हो गई मां की मौत
मांग का पता नहीं त्यागी का होगा लाभ
गौरतलब है कि केसी त्यागी इन दिनों पार्टी लाइन से अलग बयानों को लेकर चर्चा में रहे हैं, लेकिन नीतीश कुमार के लिए भारत रत्न की मांग कर उन्होंने एक बड़ा सियासी दांव चल दिया है. उनकी मांग का क्या होगा यह तो किसी को पता नहीं पर एक बात तय मानी जा रही है कि इस पत्र से उनकी पार्टी में अच्छी हासिल हो सकती है.
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.


