Senior Citizen Safety App: महाराष्ट्र में देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व वाली सरकार ने नागरिकों को केंद्र में रखकर दो नई तकनीकी पहल शुरू की हैं. यहां पिम्परी चिंचवड के पुलिस कमिश्नर विनय चौबे के प्रयासों से ज्येष्ठनुबंध ऐप और ट्रैफिक बडी सिस्टम की संकल्पना को मूर्त रूप मिला है. उनके द्वारा वरिष्ठ नागरिकों के लिए खास ‘ज्येष्ठानुबंध’ मोबाइल ऐप लॉन्च किया गया है.
साथ ही, यातायात से जुड़ी समस्याओं के लिए ‘ट्रैफिक बडी’ नामक व्हाट्सएप आधारित सिस्टम शुरू किया गया है. इन दोनों योजनाओं का मकसद पुलिस और जनता के बीच सहयोग को बढ़ावा देना है.
‘ज्येष्ठानुबंध’ ऐप: बुजुर्गों के लिए सुरक्षा की नई राह
‘ज्येष्ठानुबंध’ यानी “वरिष्ठ नागरिकों से जुड़ाव” – इस ऐप का उद्देश्य बुजुर्गों को सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाना है. यह खासतौर पर पिंपरी चिंचवड़ के वरिष्ठ नागरिकों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है. इसकी मुख्य सुविधाएं हैं:
- आपातकालीन सहायता: एक बटन दबाते ही नजदीकी पुलिस स्टेशन से सीधा संपर्क.
- शिकायत निवारण: धोखाधड़ी, परेशानियों या सुरक्षा से जुड़ी शिकायतें सीधे पुलिस तक भेजी जा सकती हैं.
- स्वास्थ्य सेवाएं: अस्पतालों, हेल्पलाइनों और सामाजिक संगठनों की जानकारी.
- नियमित देखभाल: पंजीकृत वरिष्ठ नागरिकों के लिए समय-समय पर वर्चुअल या व्यक्तिगत चेक-इन.
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा, “बुजुर्गों को यह भरोसा होना चाहिए कि पुलिस उनके साथ है. यह ऐप उसी भरोसे का प्रतीक है.” यह ऐप मराठी, हिंदी और अंग्रेज़ी तीनों भाषाओं में उपलब्ध है, जिससे इसका इस्तेमाल हर कोई आसानी से कर सके.
मुख्यमंत्री ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा, “यह तकनीक पुलिस को और संवेदनशील बनाती है और जनता से जोड़ती है.”
व्हाट्सएप से सीधे ट्रैफिक कंट्रोल
‘ट्रैफिक बडी’ पिंपरी चिंचवड़ शहर की ट्रैफिक समस्याओं को हल करने के लिए बनाया गया है. यह व्हाट्सएप पर आधारित सेवा है जिसमें नागरिक सीधे यातायात की समस्याएं पुलिस को भेज सकते हैं. इसकी प्रमुख खूबियां:
- तुरंत रिपोर्टिंग: फोटो, वीडियो या मैसेज के जरिए लोग अवैध पार्किंग, दुर्घटनाएं, ट्रैफिक जाम जैसी समस्याएं साझा कर सकते हैं.
- तेजी से प्रतिक्रिया: पुलिस कंट्रोल रूम से जुड़ी यह सेवा तेजी से कार्रवाई सुनिश्चित करती है.
- यातायात अपडेट: लोगों को समय-समय पर रोड ब्लॉक, डाइवर्जन और सुरक्षा संबंधित जानकारियां मिलती हैं.
- फीडबैक सिस्टम: शिकायतकर्ता को उनके द्वारा की गई शिकायत की स्थिति की जानकारी मिलती है.
मॉडर्न पुलिसिंग की दिशा में कदम
इस लॉन्च कार्यक्रम में कई प्रमुख हस्तियां मौजूद थीं – सांसद श्रीरंग बारणे, विधान परिषद सदस्य श्रीकांत भारतीया, उमा खापरे, अमित गोरखे, विधायक महेश लांडगे, शंकर जगताप और पीसीएमसी आयुक्त शेखर सिंह.
पुलिस आयुक्त विनय कुमार चौबे ने इन पहलों को नागरिकों के हित में बड़ा कदम बताया. उन्होंने कहा, “हमारी कोशिश है कि पुलिसिंग आसान, तुरंत और सबके लिए सुलभ हो. ये दोनों टूल इसी दिशा में बनाए गए हैं.”
इन पहलों के साथ ही संतपीठ (संत तुकाराम और संत ज्ञानेश्वर की शिक्षाओं पर आधारित सांस्कृतिक स्थल) और कई बुनियादी परियोजनाओं जैसे सड़क, पुल और सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का भी उद्घाटन हुआ. इससे शहर की आधुनिकता और परंपरा का सुंदर मेल दिखता है.
जनता की प्रतिक्रिया और आगे की योजना
इन दोनों पहलों को जनता से जबरदस्त समर्थन मिला है. वरिष्ठ नागरिकों ने ‘ज्येष्ठानुबंध’ को उपयोगी और भरोसेमंद बताया. वहीं, यात्रियों ने ‘ट्रैफिक बडी’ की त्वरित सेवा की सराहना की है.
आयुक्त चौबे ने बताया कि इन प्लेटफॉर्म्स को जनता की प्रतिक्रिया के आधार पर लगातार बेहतर किया जाएगा. उनका लक्ष्य है कि पुलिस और आम लोगों के बीच सहयोग और विश्वास और मजबूत हो. पिंपरी चिंचवड़ की ये पहलें अन्य शहरों के लिए भी प्रेरणा बन सकती हैं – एक ऐसी दिशा में जहां तकनीक, सेवा और संवेदनशीलता साथ-साथ चलें.
-भारत एक्सप्रेस
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