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वर्दी बेबस, माफिया बेखौफ! MP के धार में शराब तस्करों को पकड़वाना एक परिवार को पड़ा भारी, उठा लिया खौफनाक कदम

मध्य प्रदेश के धार जिले के Manawar थाने में सुनवाई नहीं होने से नाराज एक ही परिवार के तीन लोगों ने जहर खाकर आत्महत्या की कोशिश की. परिवार का आरोप है कि अवैध शराब पकड़वाने के बाद उन्हें धमकाया गया, लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की…

रिपोर्ट- अन्सार


मध्य प्रदेश के धार जिले से एक विचलित कर देने वाली खबर सामने आई है. दरअसल यहां मनावर थाने में न्याय की गुहार लगाने पहुँचे एक ही परिवार के तीन सदस्यों ने पुलिस परिसर में ही चूहा मार दवा (जहर) खाकर जान देने की कोशिश की.

इस घटना के बाद थाने में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में पुलिसकर्मियों ने तीनों को अस्पताल में भर्ती कराया. पीड़ित परिवार का आरोप है कि अवैध शराब माफिया के खिलाफ शिकायत करने के बावजूद पुलिस उनकी सुनवाई नहीं कर रही थी.

अवैध शराब पकड़वाना पड़ा भारी

पूरा मामला अवैध शराब के कारोबार से जुड़ा है. जानकारी के अनुसार, मनावर के समीप बयडीपुरा गांव में विनोद जायसवाल नामक व्यक्ति ने एक बिना नंबर की बाइक पर शराब सप्लाई कर रहे दो युवकों को पकड़ा था. ग्रामीणों ने इसकी सूचना डायल 112 को दी और शराब तस्करों को पुलिस के हवाले कर दिया.

इसी बात से नाराज होकर शराब ठेकेदार के गुर्गे 3 से 4 बोलेरो वाहनों में सवार होकर विनोद जायसवाल के घर पहुँचे. आरोप है कि कमलेश राठौर और उसके साथियों ने विनोद के माता-पिता और परिवार के साथ अभद्रता की और उन्हें जान से मारने की धमकी दी.

थाने में सुनवाई नहीं होने पर उठाया आत्मघाती कदम

शराब माफिया की धमकी से डरा-सहमा परिवार मदद के लिए मनावर थाने पहुँचा था. परिवार का कहना है कि वे कल शाम से ही एफआईआर (FIR) दर्ज कराने के लिए थाने के चक्कर काट रहे थे, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने उनकी एक न सुनी.

घंटों इंतजार और पुलिस के कथित अड़ियल रवैये से हताश होकर परिवार के तीन सदस्यों ने थाना परिसर के बाहर ही चूहा मार दवाई खा ली. जैसे ही पुलिस को इसकी भनक लगी, अधिकारियों के हाथ-पांव फूल गए और पीड़ितों को तुरंत इलाज के लिए ले जाया गया.

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पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

थाना परिसर जैसी सुरक्षित जगह पर इस तरह की घटना होना पुलिस प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े करता है. ग्रामीणों का कहना है कि जब आम आदमी माफिया के खिलाफ खड़ा होता है, तो पुलिस को उसे सुरक्षा देनी चाहिए, न कि उसे दर-दर भटकने पर मजबूर करना चाहिए. इस घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है और लोग शराब माफिया के साथ-साथ लापरवाह पुलिसकर्मियों पर भी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.

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-भारत एक्सप्रेस



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