Airbus Safety Modification: देश में एयरबस A320 विमानों में सामने आई लिमिटेड पिच-डाउन के मामले के बाद DGCA ने सख्ती से एक्शन लिया है. एजेंसी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एयरबस के अलर्ट और EASA के इमरजेंसी एयरवर्दीनेस डायरेक्टिव के आधार पर भारत में संचालित विमानों को लेकर कंपनियों को सख्त निर्देश दिए गए थे. इसमें एयरबस A318, A319, A320 और A321 विमानों पर अनिवार्य सॉफ़्टवेयर मॉडिफिकेशन लागू कर दिया था. कंपनियों ने भी तत्काल कार्रवाई करते हुए इसे समय से करीब-करीब पूरा कर लिया है.
एयरबस ने 28 नवंबर को AOT (Alert Operators Transmission) जारी कर सभी एयरलाइंस को तुरंत सॉफ़्टवेयर बदलने या जरूरत पड़ने पर सर्विसेबल ELAC इंस्टॉल करने का निर्देश दिया. इसके बाद EASA ने इमरजेंसी AD 2025-0268-E जारी किया. उसी आधार पर DGCA ने 29 नवंबर को भारत में संचालित सभी संबंधित विमानों पर अनिवार्य मॉड लागू कर दिया.
कितनी फ्लाइट प्रभावित?
भारतीय एयरलाइंस की स्थिति को लेकर 29 नवंबर सुबह 10 बजे तक DGCA को मिली रिपोर्ट के अनुसार-
इंडिगो (Interglobe Aviation Ltd) की कुल प्रभावित विमानों की संख्या 200 थी. हालांकि, एक भी फ्लाइट कैंसल नहीं की गई. 29 नवंबर की सुबह 10 बजे तक 143 विमानों में अपग्रेड कर दिया गया था. अभी कंपनी के पास सभी अपग्रेड के लिए 30 नवंबर सुबह 5 तक का वक्त है. अपग्रेड लोकेशन दिल्ली, बेंगलुरु, मुंबई, चेन्नई, हैदराबाद, अहमदाबाद, कोलकाता हैं.
एयर इंडिया (AIR India) की कुल प्रभावित विमानों की संख्या 113 थी. इसमें 104 A320neo और 9 A320ceo शामिल हैं. हालांकि, एक भी फ्लाइट कैंसल नहीं की गई. 29 नवंबर की सुबह 10 बजे तक 42 विमानों में अपग्रेड कर दिया गया था. अभी कंपनी के पास सभी अपग्रेड के लिए 30 नवंबर सुबह 5 तक का वक्त है. अपग्रेड लोकेशन दिल्ली, बेंगलुरु, मुंबई, हैदराबाद, कोलकाता, चेन्नई हैं.
एयर इंडिया एक्सप्रेस (Air India Express) की कुल प्रभावित विमानों की संख्या 25 थी. एक भी फ्लाइट कैंसल नहीं की गई. हालांकि, 8 विमानों में देरी हुई. 29 नवंबर की सुबह 10 बजे तक 4 विमानों में अपग्रेड कर दिया गया था. अभी कंपनी के पास सभी अपग्रेड के लिए 30 नवंबर सुबह 5 तक का वक्त है. अपग्रेड लोकेशन दिल्ली, बेंगलुरु, चेन्नई हैं.
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DGCA की सख्ती और फुल मॉनिटरिंग
DGCA ने एयरबस और EASA के निर्देशों के आधार पर कहा कि यह मॉडिफिकेशन फ्लाइट सेफ़्टी के लिए अनिवार्य है. सभी एयरलाइंस को रियल-टाइम मॉनिटरिंग के तहत अपग्रेड तेजी से पूरा करने का आदेश दिया गया. इसी आदेश के बाद एयरलाइंस कंपनियां तेजी से काम कर रही हैं. उम्मीद की जा रही है तय समय सीमा में ये अपग्रेड पूरा कर लिया जाएगा.
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