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आदिचुंचनगिरी मठ पहुंचे पीएम मोदी: पूजा-अर्चना के साथ महास्वामीजी को दी भावभीनी श्रद्धांजलि

PM Modi Karnataka visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कर्नाटक दौरे के दौरान मांड्या में श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर का उद्घाटन किया और डॉ. बालगंगाधरनाथ महास्वामीजी को श्रद्धांजलि दी.

PM Modi Karnataka visit

PM Modi Karnataka visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने कर्नाटक दौरे के दौरान कई धार्मिक और सामाजिक स्थलों का दौरा किया और वहां के कार्यों की सराहना की. उन्होंने विशेष रूप से डॉ. बालगंगाधरनाथ महास्वामीजी के योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी.

मांड्या में मंदिर का उद्घाटन

प्रधानमंत्री ने कर्नाटक के मांड्या जिले में स्थित आदिचुंचनगिरी महासंस्थान मठ में ‘श्री गुरु भैरवैक्य मंदिर’ का उद्घाटन किया. उन्होंने कहा कि यह स्थान भारत की प्राचीन आध्यात्मिक परंपराओं और सेवा की भावना का प्रतीक है.

धार्मिक स्थलों के किए दर्शन

अपने दौरे के दौरान प्रधानमंत्री ने ज्वाला पीठ और कालभैरवेश्वर मंदिर में पूजा-अर्चना भी की. उन्होंने कहा कि इन पवित्र स्थानों पर आकर उन्हें शांति और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव हुआ.

महास्वामीजी को दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री मोदी ने डॉ. बालगंगाधरनाथ महास्वामीजी को याद करते हुए कहा कि वे आध्यात्मिकता और सेवा के प्रतीक थे. उन्होंने समाज के गरीब और जरूरतमंद लोगों के लिए कई महत्वपूर्ण कार्य किए, जिससे लाखों लोगों का जीवन बेहतर हुआ.

कर्नाटक: परंपरा और तकनीक का संगम

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि कर्नाटक ऐसा राज्य है, जहां परंपरा और आधुनिक तकनीक का बेहतरीन मेल देखने को मिलता है. उन्होंने मांड्या को ‘शक्कर नगरी’ बताते हुए यहां के लोगों की सरलता और अपनापन की भी तारीफ की.

मठ की सामाजिक सेवाओं की सराहना

प्रधानमंत्री ने मठ द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों की विशेष रूप से सराहना की. उन्होंने कहा कि यहां गरीब बच्चों के लिए स्कूल से लेकर उच्च शिक्षा तक की सुविधाएं उपलब्ध हैं. इसके साथ ही लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं भी दी जाती हैं.


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संतों की भूमिका पर जोर

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत की हजारों साल पुरानी परंपरा आज भी जीवित है और ऐसे मठ इसका उदाहरण हैं. उन्होंने बताया कि संत समाज को सही दिशा दिखाते हैं और गरीबों की मदद करते हैं. उनके अनुसार सच्ची भक्ति का मतलब समाज की सेवा करना और लोगों की सहायता करना है.

-भारत एक्सप्रेस



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