Punjab Floods CM Bhagwant Mann: पंजाब में आई भीषण बाढ़ से प्रभावित किसानों को राहत देने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. सोमवार (8 सितंबर) को हुई कैबिनेट बैठक में फैसला लिया गया कि किसानों को 20,000 रुपये प्रति एकड़ मुआवजा दिया जाएगा. इस बीच सीएम भगवंत मान की काफी सहारना भी हो रही हैं, क्योंकि खराब सेहत की वजह से पिछले तीन दिनों से अस्पताल में भर्ती हैं. लेकिन इसके बावजूद उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए राहत कार्यों की निगरानी की.
आम आदमी पार्टी ने सोशल मीडिया पर सीएम मान की तस्वीर भी शेयर की, जिसमें वह अस्पताल में ड्रिप लगे होने के बावजूद बैठक में हिस्सा लेते दिख रहे हैं. पार्टी ने लिखा, ‘यह है पंजाब और पंजाबियों के लिए सीएम मान का जज़्बा. तबीयत खराब होने के बावजूद वह राज्य के लोगों की सेवा के लिए पूरी तरह समर्पित हैं.’
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की तबीयत खराब होने के बावजूद उन्होंने अस्पताल से ही कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता की और बाढ़ राहत कार्यों का जायजा लिया। आम आदमी पार्टी ने अस्पताल में भर्ती CM की मीटिंग में भागीदारी की तस्वीरें साझा करते हुए उनके समर्पण की तारीफ की। #BhagwantMann… pic.twitter.com/fhq1ISBE3B
— Bharat Express (@BhaaratExpress) September 8, 2025
बैठक में एक अहम फैसला यह भी लिया गया कि बाढ़ से खेतों में आई रेत और मिट्टी को किसान खुद निकाल सकेंगे और बेच भी सकेंगे. सरकार ने इस पहल को ‘जिसका खेत, उसकी रेत’ योजना का नाम दिया है. कैबिनेट ने खेतों की डिसिल्टिंग (मिट्टी हटाने) की अनुमति दे दी है. इससे किसानों को आर्थिक मदद मिलने के साथ-साथ खेत दोबारा खेती लायक भी बन सकेंगे.
मान सरकार के राहत पैकेज के बड़े फैसले
- बाढ़ प्रभावित किसानों को 20,000 रुपये प्रति एकड़ मुआवजा.
- मृतकों के परिवारों को 4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता.
- जिनके घर बाढ़ में ढह गए, उनका सर्वे कराकर मुआवजा दिया जाएगा.
- सहकारी समितियों और सरकारी बैंकों से लिए गए कर्ज की किस्तें 6 महीने तक स्थगित रहेंगी. इस दौरान किसानों को ब्याज भी नहीं देना होगा.
- जिन किसानों के मवेशी बाढ़ में मरे, उन्हें भी मदद दी जाएगी.
- बीमारी फैलने से रोकने के लिए सरकार गांव-गांव में टीकाकरण और फॉगिंग करवाएगी.
- हर गांव के क्लिनिक में डॉक्टर तैनात होंगे, वहीं प्रभावित परिवारों के घरों के पास स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे.
- शहरों और गांवों में सफाई अभियान चलाया जाएगा.
- स्कूलों, इमारतों और पावर ग्रिड को हुए नुकसान का भी सर्वे कराकर मुआवजा दिया जाएगा.
पंजाब सरकार की चुनौती
पंजाब के कई जिलों में इस साल भारी बारिश और बाढ़ ने कहर बरपाया. खेतों में खड़ी फसलें बह गईं, हजारों एकड़ जमीन रेत और गाद से पट गई. ऐसे हालात में किसानों की सबसे बड़ी चिंता आने वाले सीजन की बुवाई है. सरकार का यह राहत पैकेज उनकी मदद जरूर करेगा, लेकिन असली चुनौती ज़मीन को फिर से उपजाऊ बनाने की होगी.
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