SOLDIERATHON 2026: दिल्ली के करियप्पा परेड ग्राउंड में रविवार (2 अगस्त) को आयोजित SOLDIERATHON 2026 में भारत एक्सप्रेस के CMD उपेन्द्र राय ने कार्यक्रम को भारतीय सैनिकों के सम्मान और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक बताया. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा मैराथन को हरी झंडी दिखाए जाने पर उन्होंने उनका आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह पूरे देश और आयोजन से जुड़े सभी लोगों के लिए गर्व का क्षण है.
उन्होंने कहा कि इस वर्ष SOLDIERATHON राष्ट्रपति बॉडीगार्ड्स (President’s Bodyguard) के सम्मान में समर्पित किया गया है. साथ ही राष्ट्रपति बॉडीगार्ड्स के उन घोड़ों के लिए भी विशेष फंड जुटाने की पहल की गई है, जो गणतंत्र दिवस, स्वतंत्रता दिवस और विदेशी राष्ट्राध्यक्षों के स्वागत जैसे राष्ट्रीय आयोजनों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं.
‘भाव जुड़ता है तो इंसान क्षमता से बढ़कर काम करता है’
उपेन्द्र राय ने कहा कि जब कोई व्यक्ति भावनाओं से भरा होता है तो वह अपनी क्षमता से कहीं अधिक करने का प्रयास करता है. उन्होंने कहा कि SOLDIERATHON केवल एक मैराथन नहीं, बल्कि सैनिकों और राष्ट्र के प्रति सम्मान व्यक्त करने का माध्यम है.
उन्होंने कहा, “सैनिकों के साथ दो कदम चल पाना हमारे लिए गर्व की बात है. मैं पहले दिन से इस आयोजन का हिस्सा हूं और जब तक जीवित रहूंगा, इससे जुड़ा रहूंगा. सुबह 3 बजे, 4 बजे या 5 बजे उठकर भी इस कार्यक्रम में आने में कभी आलस नहीं होता.”
जनरल वीके सिंह, मेजर डी.पी. सिंह और राष्ट्रपति सचिवालय को दिया श्रेय
CMD उपेन्द्र राय ने कहा कि कारगिल विजय दिवस के अवसर पर बेहद कम समय में इतने बड़े आयोजन को सफल बनाना आसान नहीं था. उन्होंने इसकी सफलता का श्रेय केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व सेना प्रमुख जनरल वी.के. सिंह, मेजर डी.पी. सिंह, राष्ट्रपति के मिलिट्री सेक्रेटरी लेफ्टिनेंट जनरल भूदेव परिड़ा, राष्ट्रपति सचिवालय और सचिव दीप्ति उमाशंकर सहित पूरी टीम को दिया. उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग से ही इतने कम समय में इस भव्य आयोजन को संभव बनाया जा सका.
‘भारत एक्सप्रेस परिवार के लिए गर्व का अवसर’
उपेन्द्र राय ने कहा कि भारत एक्सप्रेस परिवार के लिए सोल्जरथॉन का हिस्सा बनना गर्व की बात है. उन्होंने कहा कि सैनिकों के सम्मान में आयोजित इस अभियान से जुड़ना उनके लिए केवल एक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सौभाग्य है. उन्होंने कहा, “मैं भारत एक्सप्रेस परिवार का मुखिया हूं. जब सैनिकों के सम्मान में आयोजित इस मिशन से जुड़ता हूं तो मन गदगद हो जाता है. यह ऐसा अवसर है जिससे बार-बार जुड़ने का मन करता है.”
2012 से लगातार जारी है सफर
उपेन्द्र राय ने बताया कि सोल्जरथॉन की शुरुआत वर्ष 2012 में मेजर डी.पी. सिंह की प्रेरणा से हुई थी, जब वे पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के साथ कार्य कर रहे थे. तब से यह अभियान लगातार आगे. बढ़ रहा है और हर वर्ष सैनिकों के सम्मान में विभिन्न मैराथन आयोजित की जाती हैं. उन्होंने कहा कि इस बार का आयोजन विशेष रूप से राष्ट्रपति बॉडीगार्ड्स और उनकी सेवाओं को समर्पित रहा.
10 हजार धावकों के लिए तैयार किया गया विशाल इंफ्रास्ट्रक्चर
उपेन्द्र राय ने बताया कि बेहद कम समय में 10 हजार से अधिक प्रतिभागियों के लिए मेडिकल सुविधाएं, पानी, नाश्ता, टी-शर्ट, मेडल और अन्य व्यवस्थाएं करना बड़ी चुनौती थी. उन्होंने कहा कि यह सभी सहयोगी संस्थाओं और स्वयंसेवकों के संयुक्त प्रयास से संभव हो सका. उन्होंने वंडर सीमेंट, ओएनजीसी, भूटानी इंफ्रा, क्यूपिड लिमिटेड, जीईएल, डीआईजी, एसबीआई समेत सभी सहयोगी संस्थाओं का दिल से आभार व्यक्त किया.
‘देश का भविष्य युवा लिखेंगे’
युवाओं की भागीदारी पर खुशी जताते हुए उपेन्द्र राय ने कहा कि भारत दुनिया की सबसे बड़ी युवा आबादी वाला देश है और आने वाले समय का नेतृत्व भी यही युवा करेंगे. उन्होंने कहा कि SOLDIERATHON में बड़ी संख्या में युवाओं का शामिल होना इस बात का प्रमाण है कि नई पीढ़ी सैनिकों के सम्मान और राष्ट्रसेवा के महत्व को समझती है. उन्होंने उन अभिभावकों का भी विशेष धन्यवाद दिया, जिन्होंने अपने बच्चों को इस अभियान का हिस्सा बनने के लिए प्रेरित किया.
राष्ट्रभक्ति का बना भव्य उत्सव
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा हरी झंडी दिखाकर शुरू की गई SOLDIERATHON 2026 में हजारों धावकों ने शहीदों, घायल पूर्व सैनिकों और भारतीय सेना के वीर जवानों के सम्मान में दौड़ लगाई. यह आयोजन देशभक्ति, सैनिकों के प्रति सम्मान और राष्ट्रीय एकता का प्रेरणादायक उत्सव बनकर सामने आया.
-भारत एक्सप्रेस
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