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आखिर भारत में कितने लोग हैं बेरोजगार? संसद में सरकार ने साक्ष्यों के साथ दिया जवाब

Unemployment Rate In India: भारत युवाओं का देश है. यहां पर सरकार किसी भी निर्णय को लेने से पहले युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखती है. दुनिया के किसी भी देश के मुकाबले भारत में युवाओं की संख्या अधिक है. हालांकि अक्सर ये आरोप लगते हैं कि यहां पर सबसे अधिक युवा बेरोजगारी का शिकार हैं.

तो वहीं बेरोजगार युवाओं का संघर्ष हम अक्सर ही सड़कों पर विरोध प्रदर्शन के तौर पर देखते हैं. तो इसी बीच सरकार ने संसद में साक्ष्यों के साथ ये बताया है कि आखिर कितने लोग भारत में बेरोजगार हैं.

जानें क्या कहते हैं सरकारी आंकड़े?

बता दें कि विपक्षी दल लगातार सरकार पर बेरोजगारी को लेकर निशाना साध रहे हैं. इसी क्रम में जब संसद में सरकार से विपक्षी दलों के नेताओं ने सवाल किया गया तो श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे ने इसका जवाब देते हुए बेरोजगारी से सम्बंधित आंकड़े सामने रखे हैं. उन्होंने बताया कि देश में रोजगार और बेरोजगारी पर डाटा पीरियोडिक लेबर फोर्स सर्वे द्वारा इकट्ठा किया जाता है. ये डाटा 2017 से हर साल जुलाई और जून के महीने रिलीज होता है. ताजा रिपोर्ट के अनुसार, 2022-23 में 15 साल और उससे अधिक उम्र के युवाओं में बेरोजगारी दर ग्रामीण भारत में 2.4 रही और शहरी भारत में 5.4 रही.

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बढ़ा रोजगार

इसी के साथ ही सरकार ने एक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए दावा किया है कि पहले की अपेक्षा इस समय रोजगार बढ़ा है. सरकार की ओर से वर्कर पॉपुलेशन रेश्यो (WPR) की रिपोर्ट को आधार बनाकर कहा गया कि बीते कुछ वर्षों में कामकाजी युवाओं की संख्या बढ़ी है. साल 2020-21 में जहां कामकाजी युवाओं की संख्या 52.6 फीसदी थी, 2021-22 में वो बढ़ कर 52.9 फीसदी हो गई. जबकि, 2022-23 में ये संख्या बढ़ कर 56 फीसदी हो गई.

जानें क्या होती है बेरोजगारी?

बता दें कि भारत में 15 साल और उससे ऊपर के लोगों को वर्किंग एज ग्रुप में शामिल किया गया है. अगर बेरोजगारी को समझना है तो आपको सबसे पहले लेबर फोर्स को समझना होगा. यानी ऊपर दिए गए वर्किंग एज ग्रुप की कुल संख्या में जितने लोग काम कर रहे हैं और जितने लोग काम की तलाश में हैं उनका टोटल नंबर मौजूदा लेबर फोर्स कहलाता है. तो वही बेरोजगारी की परिभाषा को अर्थशास्त्र के मुताबिक कहा जाता है कि बेरोजगारी वो स्थिति होती है जब लेबर फोर्स का कोई व्यक्ति रोजगार ढूंढ रहा है, रोजगार करने के लायक हो, लेकिन उसे रोजगार मिल ना रहा हो. गौरतलब है कि इन मानकों के आधार पर ही लेबर फोर्स में बेरोजगारों के प्रतिशत का आंकड़ा निकाला जाता है.

-भारत एक्सप्रेस

Archana Sharma

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