लीगल

झारखंड हाईकोर्ट में फैसलों में देरी पर सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी, मुख्य न्यायाधीश को जल्द सुनवाई के निर्देश

झारखंड हाईकोर्ट में फैसला सुनाने के हो रही देरी के मामले में सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने झारखंड हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से मामलों पर जल्द फैसला सुनाने को कहा है. जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि हम नए मुख्य न्यायाधीश से अनुरोध करेंगे कि वे इन मामलों की व्यक्तिगत रूप से सुनवाई करें.

मामले की सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने कहा कि झारखंड हाई कोर्ट में 54-55 मामले है, जिनमें 2022 से फैसले सुरक्षित रखे गए है. लेकिन अभी तक फैसला नही सुनाया है. इन पर दोबारा सुनवाई होनी चाहिए. कोर्ट 14 दोषियों द्वारा दायर 2 याचिकाओं पर सुनवाई कर रहा है.

याचिका में आरोप लगाया गया है कि उनकी आपराधिक अपीलों पर फैसला सुरक्षित होने के बावजूद, झारखंड हाईकोर्ट ने दो-तीन साल बीत जाने के बावजूद अभी तक फैसला नही सुनाया है. दोषियों ने हाईकोर्ट में अपनी दोषसिद्धि को चुनौती दी थी. याचिकाकर्ताओं का कहना है कि फैसले न सुनाए जाने से संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत उनके जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के अधिकार का उल्लंघन होता है, जिसका एक पहलू शीघ्र सुनवाई के अधिकार है.

पहले भी सुप्रीम कोर्ट ने जताई थी नाराजगी

याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने फौजिया शकील की दलील पर गौर करने के बाद सजा निलंबन की मांग की है. अदालत ने मामले की सुनवाई के दौरान पाया कि सभी 10 सुरक्षित मामलों में हाई कोर्ट के एक ही जज सुनवाई कर रहे है.

याचिकककर्ता के मुताबिक 10 में.से 9 दोषी बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार, होटवार, रांची में बंद हैं. दसवां दोषी दुमका केंद्रीय कारागार में बंद था, लेकिन अपील लंबित रहने के दौरान उसकी जमानत याचिका हाई कोर्ट द्वारा स्वीकार किए जाने के बाद उसे इस साल मई में रिहा कर दिया गया. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड हाई कोर्ट द्वारा 67 आपराधिक मामलों में फैसला सुरक्षित रखने के बाद अब तक फैसला नही देने पर आश्चर्य व्यक्त किया था.

ये भी पढ़ें: कैश कांड में घिरे जस्टिस यशवंत वर्मा के खिलाफ चलेगा महाभियोग, संसद में प्रस्ताव को 200 से ज्‍यादा सांसदों ने किया समर्थन

-भारत एक्सप्रेस 

गोपाल कृष्ण

Recent Posts

रील देखने में भी बिहार बना नंबर-1! सबसे कम टेली-डेंसिटी, फिर भी डेटा उड़ाने में देश में टॉप

TRAI के सर्किलवार आंकड़ों के मुताबिक बिहार में रोजाना करीब 49.1 पेटाबाइट डेटा की खपत…

7 minutes ago

क्या भारत बन सकता है नया सिंगापुर? जानिए क्यों ली क्वान यू के मॉडल की नकल आसान नहीं

Singapore Economy History: 1965 में मलेशिया से अलग होकर स्वतंत्र हुए सिंगापुर को ली क्वान…

9 minutes ago

Aao School Chalen Abhiyan: दिल्ली में बिना कागजात बस्तियों के बच्चों का स्कूल में एडमिशन, ढोल-नगाड़ों से हुआ स्वागत

Aao School Chalen Abhiyan Delhi School Admission: उत्तर-पूर्वी दिल्ली में 'आओ स्कूल चलें' अभियान के…

25 minutes ago

CM विजय का नया फरमान या आजीविका पर वार? जानिए किस प्रोजेक्ट पर आमने-सामने आए मछुआरे

Pattinapakkam Fishermen Protest: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय द्वारा पट्टिनापक्कम में ₹1,200 करोड़ के सचिवालय निर्माण…

32 minutes ago