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सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों से निगरानी…चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात, सावन के पहले सोमवार को काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

Sawan 2025: सावन महीने के पहले सोमवार को वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में भगवान शिव के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा है.

सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों से निगरानी…चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात, सावन के पहले सोमवार को काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब - भारत एक्सप्रेस

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Sawan 2025: सावन महीने के पहले सोमवार को वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में भगवान शिव के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा है. यह पावन महीना जैसे-जैसे आगे बढ़ रहा है, देशभर से भक्त बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने पहुंच रहे हैं. 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक काशी विश्वनाथ मंदिर में श्रद्धालु शिवजी को जल अर्पण कर पूजा-अर्चना कर रहे हैं.

सुरक्षा के व्यापक इंतजाम

श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मंदिर परिसर और उसके आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. वाराणसी के पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने बताया कि कांवड़ियों के लिए एक विशेष लेन बनाई गई है और मंदिर के आसपास के क्षेत्रों की निगरानी के लिए ड्रोन कैमरों की व्यवस्था की गई है.

उन्होंने कहा, “सावन में प्रतिदिन लाखों श्रद्धालु काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन के लिए आते हैं. इसी को ध्यान में रखते हुए पिछले एक महीने से तैयारियां की जा रही हैं. प्रयागराज से आने वाले कांवड़ियों के लिए एक विशेष मार्ग निर्धारित किया गया है. पूरे मार्ग पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. मंदिर के आसपास ड्रोन से निगरानी की जा रही है. श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मंदिर के पास बैरिकेडिंग की गई है.”

मनकामेश्वर मंदिर में दर्शन के लिए उमड़ी भीड़

वहीं, राजधानी लखनऊ के मनकामेश्वर मंदिर में भी सावन के पहले सोमवार को भक्तों ने शिव पूजा कर आशीर्वाद लिया. यहां भी सुरक्षा और सुविधा के विशेष इंतज़ाम किए गए हैं. लखनऊ के सेंट्रल डीसीपी आशीष श्रीवास्तव ने बताया, “सावन के पहले सोमवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है. पहले से किए गए इंतज़ामों को और बेहतर किया गया है. मंदिर परिसर और आसपास की सड़कों पर लाइटिंग और सीसीटीवी की संख्या बढ़ाई गई है. साथ ही दुकानों को व्यवस्थित तरीके से लगाया गया है ताकि रास्ते खुले रहें और श्रद्धालुओं को असुविधा न हो.”

सावन माह हिन्दू पंचांग के अनुसार वर्ष का पांचवां महीना होता है और शिव भक्तों के लिए यह अत्यंत पावन माना जाता है. इस वर्ष श्रावण मास की शुरुआत 11 जुलाई से हुई है और इसका समापन 9 अगस्त को होगा. इस पूरे महीने में भक्त उपवास रखते हैं, शिव मंत्रों का जाप करते हैं, भजन-कीर्तन गाते हैं और रुद्राभिषेक करते हैं, जिसमें दूध, दही, शहद, गंगाजल आदि पवित्र द्रव्यों से शिवलिंग का अभिषेक किया जाता है.

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इस महीने के प्रत्येक सोमवार को विशेष रूप से भगवान शिव की पूजा-अर्चना की जाती है, जिसे सावन का सोमवार कहा जाता है. वहीं मंगलवार को माता पार्वती की उपासना की जाती है. कई श्रद्धालु इस दौरान कठोर व्रत रखते हैं, जिसमें अनाज का सेवन नहीं किया जाता और केवल फल, दूध व व्रत में मान्य आहार ही लिया जाता है.

-भारत एक्सप्रेस



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