कैसे बने शिबू सोरेन झारखंड के आदिवासी अधिकारों की आवाज, जानिए उनके जीवन के संघर्ष, आंदोलन और राजनीतिक उपलब्धियाँ
शिबू सोरेन, जिन्हें 'दिशोम गुरु' कहा जाता है, ने झारखंड के आदिवासी समुदाय के अधिकारों के लिए लंबा संघर्ष किया. उनके जीवन में बलिदान, आंदोलन और जनसेवा की एक मिसाल देखने को मिलती है.
बुझ गया आदिवासी आंदोलन का दीपक! कौन थे शिबू सोरेन जिन्होंने झारखंड बनाने में निभाई अहम भूमिका?
Shibu Soren: सोरेन ने 2005 में हुए विधानसभा चुनाव में जीत के बाद झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में पहली बार शपथ ली. लेकिन बहुमत साबित नहीं कर पाने के चलते 9 दिनों के अंदर इस्तीफा देना पड़ा. अगस्त 2008 से जनवरी 2009 तक फिर मुख्यमंत्री रहे.
सीएम हेमंत सोरेन के विधायक प्रतिनिधि पंकज मिश्रा को मनी लॉन्ड्रिंग केस में हाईकोर्ट से मिली जमानत
पंकज मिश्रा की याचिका पर जस्टिस गौतम कुमार चौधरी की बेंच में शुक्रवार को सुनवाई हुई थी. दोनों पक्ष की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था. सोमवार को इस मामले में कोर्ट ने कुछ शर्तों के साथ पंकज मिश्र की जमानत मंजूर कर ली.
भाजपा ने इंडिया गठबंधन और झारखंड मुक्ति मोर्चा पर बोला हमला, 21 अप्रैल की उलगुलान रैली को भ्रष्टाचार जुटान रैली कहा
झारखंड प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाह देव ने कहा कि 21 अप्रैल को कांग्रेस के बड़े नेता भी मंच पर आएंगे, जिनके सांसद डीके शिवकुमार दक्षिण भारत को अलग देश बनाने की मांग कर रहे थे.
JMM ने लोकपाल के आदेश को दिल्ली हाईकोर्ट में दी चुनौती, लोकपाल ने दिया था पार्टी के नाम पर मौजूद दो संपत्तियों की CBI जांच का निर्देश
झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने लोकपाल के उस आदेश को दिल्ली हाइकोर्ट में चुनौती दी है, जिसमें पार्टी के नाम पर मौजूद दो संपत्तियों की जांच सीबीआई को करने का निर्देश दिया गया था.
झारखंड मुक्ति मोर्चा को झटका: विधायक सीता सोरेन ने दिया इस्तीफा; भाजपा में शामिल हुईं
तीन बार की विधायक सीता सोरेन, हेमंत सोरेन के बड़े भाई दुर्गा सोरेन की पत्नी हैं, जिनकी साल 2009 में 39 वर्ष की आयु में मृत्यु हो गई थी. वह राज्य की जामा सीट का प्रतिनिधित्व करती हैं.





