सीजेआई गवई का आज आखिरी दिन, विदाई समारोह में उन्होंने कहा, ‘मैं सभी धर्मों को मानता हूं.’
सीजेआई गवई ने 4 नवंबर को कहा था कि लोकतंत्र के तीनों अंग कार्यपालिका, अदालत और संसद ये तीनों मिलकर जनता के कल्याण के लिए काम करते हैं, कोई भी अकेले काम नहीं कर सकता.
प्रेसीडेंशियल रेफरेंस को लेकर दायर याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान सीजेआई ने नेपाल हिंसा का किया जिक्र
संविधान पीठ की सुनवाई के दौरान सीजेआई बी आर गवई ने अपने संविधान पर गर्व जताते हुए नेपाल और बांग्लादेश की राजनीतिक अस्थिरता का उदाहरण दिया. राज्यपालों द्वारा बिल पास करने के मामले में समय सीमा पर चर्चा हुई.
क्या राष्ट्रपति और राज्यपालों की शक्तियों पर तय होगी समय सीमा? कोर्ट में गहराया विवाद
सुप्रीम कोर्ट में राष्ट्रपति द्वारा पूछे गए 14 सवालों पर सुनवाई जारी है. मामला इस बात पर केंद्रित है कि क्या राज्यपालों और राष्ट्रपति के लिए विधेयक मंजूरी की समयसीमा तय की जा सकती है.





