Greater Noida News: नोएडा/समीर आलम: उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा से मानवता को झकझोर देने वाला और सनसनीखेज मामला सामने आया है. कासना और इकोटेक प्रथम थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए 5 दिन पहले हुए 6 साल के एक मासूम बच्चे के अपहरण की गुत्थी को सुलझा लिया है. पुलिस ने इस मामले में मुठभेड़ के बाद तीन बदमाशों को घायल अवस्था में दबोचा है, जबकि दो महिलाओं समेत कुल सात आरोपियों को गिरफ्तार कर मासूम बच्चे को सकुशल उसके माता-पिता को सौंप दिया है.
कैसे रची गई साजिश?
पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ है कि दिल्ली की रहने वाली एक बुजुर्ग महिला कमलेश, जिसके पति का पहले ही देहांत हो चुका था और दोनों बेटियां ब्याही जा चुकी थीं, वह अकेलेपन से परेशान होकर अपनी देखभाल के लिए एक बच्चा गोद लेना चाहती थी. उसने इस बात का जिक्र पुष्पा नाम की दूसरी महिला से किया. इसके बाद पुष्पा ने अपने रिश्ते के भांजे से संपर्क कर पूरी योजना बनाई.
इन सभी ने मिलकर एक सुनियोजित साजिश के तहत 13 अक्टूबर को कासना थाना क्षेत्र के जिम्स (GIMS) अस्पताल के पास से 6 साल के मासूम बच्चे का अपहरण कर लिया. आरोपियों ने बुजुर्ग महिला से इस बच्चे का सौदा 4.5 लाख रुपए में तय किया था, जिसमें से एडवांस के तौर पर 2 लाख रुपए पहले ही लिए जा चुके थे और बाकी रकम बच्चा सौंपते वक्त ली जानी थी.
पुलिस मुठभेड़ और गिरफ्तारी
घटना की सूचना मिलते ही ग्रेटर नोएडा पुलिस हरकत में आ गई और टीमों का गठन कर लगातार तलाश शुरू कर दी गई. 17 अक्टूबर की शाम जब आरोपी कासना क्षेत्र में बच्चा बेचने और बाकी रकम वसूलने पहुंचे, तो पुलिस के साथ उनकी मुठभेड़ हो गई.
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पुलिस जवाबी कार्रवाई में तीन आरोपियों के पैरों में गोली लगी, जिससे वे घायल हो गए. पुलिस ने बच्चा खरीदने और बेचने की साजिश में शामिल दोनों महिलाओं समेत सभी सात आरोपियों को धर दबोचा. आरोपियों के पास से तीन तमंचे, 2,28,000 रुपए की नकदी और मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं. पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया. अपना खोया हुआ जिगर का टुकड़ा पाकर परिवार की खुशी का ठिकाना नहीं रहा और उन्होंने पुलिस का तहे दिल से धन्यवाद किया.
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