Kanpur fake IAS case: कई बार अच्छी शिक्षा और समझ होने के बावजूद लोग ऐसी चालबाजियों में फंस जाते हैं, जिस पर भरोसा करना खुद हैरान कर देता है. शादी का सपना दिखाकर ठगी करने का ऐसा ही मामला कानपुर में सामने आया है, जहां एक युवक ने लड़की का भरोसा जीतने के लिए खुद को उसी जिले का भावी जिलाधिकारी बताने तक का दावा कर दिया.
बताया गया कि आरोपी, जो लड़की के दोस्त का परिचित था, ने पहले शादी की बात शुरू की. इसके बाद उसने खुद को आईएएस में चयनित बताने के लिए एक फर्जी नियुक्ति पत्र भेजा, जिससे लड़की को उसकी बातों पर यकीन हो गया. ठगी की हद तब पार हुई जब उसने कानपुर में ही डीएम पद पर तैनात होने का झांसा दिया. जहां से लड़की और उनके परिवार वाले है.
घर का सोना-चांदी बेच प्रेमी को दिया पैसा
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, कल्याणपुर थाना क्षेत्र की रहने वाली युवती की मुलाकात एक युवक नीतेश पांडे से हुई, जिसने खुद को पहले बैंक अधिकारी और बाद में UPSC से चयनित IAS अधिकारी होने का दावा किया. उसने व्हाट्सएप पर फर्जी UPSC चयन पत्र और कानपुर में SDM (सब-डिविजनल मैजिस्ट्रेट) के पद पर तैनाती का संदेश दिखाकर युवती का विश्वास जीत लिया.
युवती को बताया गया कि उसे 6 महीने की ट्रेनिंग के बाद कानपुर में DM (डिस्ट्रिक्ट मैजिस्ट्रेट) की पोस्टिंग मिलेगी. इस झांसे में आकर युवती ने शुरू में ₹3.5 लाख नकद दी, फिर बाद में घर के सोने-चांदी के जेवर बेचकर और ₹23 लाख नकद देकर कुल लगभग ₹71 लाख आरोपी को सौंप दिए.
धीरे-धीरे इस युवक ने शादी की बात भी आगे बढ़ाई और अपने घरवालों से भी मिलने के लिए कहा. युवती और उसके परिवार ने शादी की तैयारियां भी शुरू कर दीं. लेकिन जब युवती ने आखिरकार आरोपी से अपने ऑफिस या ट्रेनिंग सेंटर पर ले जाने को कहा, तो उसने उत्तर प्रदेश के प्रमुख सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा के नाम से एक लेटर वॉट्सएप पर भेजा. ”देखो, प्रमुख सचिव ने मुझे कानपुर डीएम के पद पर ज्वाइन करने के लिए लेटर भेजा है.” लेकिन नीतीश ने लड़की को वहां ले जाने की जगह उसी दिन अपना फोन स्विच ऑफ कर संपर्क तोड़ दिया.
पुलिसा आरोपी की तलाश में
जब सच्चाई का पता चला तो युवती ने यह महसूस किया कि वह एक बड़े धोखे का शिकार हो चुकी है. इसके बाद उसने कल्याणपुर थाने में आरोपी नितेश पांडे, उसके परिवार वालों और एक परिचित दिवाकर मिश्र के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने मामला दर्ज कर साइबर साक्ष्यों और फर्जी दस्तावेजों के आधार पर जांच शुरू कर दी है.
सूत्रों के अनुसार, आरोपी ने धमकी भी दी कि उसके पास युवती की कुछ निजी तस्वीरें हैं, जिन्हें सार्वजनिक कर देगा, यदि वह अधिक दबाव बनाएगी. हालांकि पुलिस अब इन सब आरोपों की भी पड़ताल कर रही है. कानपुर पुलिस का कहना है कि मामला गंभीर है और ठगी में इस्तेमाल किए गए फर्जी डॉक्यूमेंट, ईमेल और संदेशों की जांच की जा रही है. आरोपी की तलाश जारी है.
-भारत एक्सप्रेस
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