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12 साल का साथ, फिर सूनापन… टफ्फू की मौत पर परिवार ने 3 दिन नहीं बनाया खाना, इंसानों जैसी की तेरहवीं

UP News: मेरठ में सुनील यादव के परिवार ने अपने पालतू कुत्ते टफ्फू की मौत के बाद इंसानों की तरह उसकी तेरहवीं की.

After the death of pet dog Tuffu, his thirteenth day rituals were performed like humans.

पालतू कुत्ते टफ्फू की मौत के बाद इंसानों की तरह उसकी तेरहवीं

UP News: मेरठ से एक भावुक खबर सामने आई है. सुनील यादव के परिवार ने अपने पालतू कुत्ते टफ्फू की मौत के बाद इंसानों की तरह उसकी तेरहवीं की. 12 साल तक घर का हिस्सा रहे टफ्फू के जाने से परिवार इतना टूट गया कि तीन दिन तक घर में खाना तक नहीं बना.

धीरे-धीरे बन गया परिवार का सदस्य

करीब 12 साल पहले डीएन इंटर कॉलेज में जन्मे टफ्फू को सुनील यादव घर ले आए थे. धीरे-धीरे वह परिवार का अहम सदस्य बन गया. हर त्योहार और खुशी में टफ्फू शामिल होता था. उसकी समझ इतनी गहरी थी कि वह घरवालों की आवाज पहचान लेता और बाहर वालों को भी अलग कर देता.

बेटी टफ्फू को मानती थी भाई

सुनील की बेटी वर्षा ने ही उसका नाम रखा था. वह टफ्फू को अपना भाई मानती थी और हर रक्षाबंधन पर उसे राखी बांधती थी. इस बार भी उसने राखी बांधी थी. वर्षा कहती हैं कि उनके लिए शिवम और टफ्फू दोनों भाई थे. शिवम के लिए भी टफ्फू बचपन का साथी था, जिसके साथ उसने 12 साल बिताए.

कैसे हुई मौत?

11 सितंबर की शाम टफ्फू की तबीयत अचानक खराब हो गई. परिवार उसे डॉक्टर के पास ले गया, लेकिन इलाज शुरू होने से पहले ही उसने दम तोड़ दिया. इस घटना ने पूरे परिवार को गहरे दुख में डाल दिया.

इंसानों की तेरहवीं का आयोजन

टफ्फू को छोटा बेटा मानने वाले सुनील यादव ने उसकी मौत के बाद इंसानों की तरह तेरहवीं करने का फैसला लिया. रविवार को घर में हवन हुआ और प्रसाद बांटा गया. खास बात यह रही कि तेरहवीं में टफ्फू की पसंद के लड्डू भी बनाए गए. रिश्तेदार और पड़ोसी इस आयोजन में शामिल हुए.

सुनीता यादव का क्या कहना है?

सुनीता यादव बताती हैं कि टफ्फू के जाने के बाद घर का माहौल पूरी तरह बदल गया है. वह ठीक से सो नहीं पा रही हैं और हर पल उसकी याद सताती है. परिवार का कहना है कि टफ्फू सिर्फ पालतू नहीं था, बल्कि घर का सदस्य था.

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यह घटना इंसान और जानवर के बीच गहरे रिश्ते की अनोखी मिसाल है. टफ्फू की तेरहवीं ने दिखा दिया कि पालतू भी परिवार का उतना ही अहम हिस्सा हो सकता है जितना कोई इंसान.

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-भारत एक्सप्रेस



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