कनाडा के पीएम मार्क कार्नी.
कनाडा में अगले महीने आम चुनाव होने वाले हैं, जिसको लेकर कनाडाई खुफिया एजेंसी ने दावा किया है कि चुनाव में भारत हस्तक्षेप करने की कोशिश कर सकता है. इसके साथ ही रूस और पाकिस्तान पर भी ऐसा ही दावा एजेंसी ने किया है. बता दें कि नवनियुक्त प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने पद की शपथ लेने के बाद जल्द चुनाव कराने का फैसला किया है.
कनाडा ने चुनाव में हस्तक्षेप का किया दावा
समाचार एजेंसी रॉयटर्स में छपी रिपोर्ट के अनुसार, कनाडा की खुफिया एजेंसी ने सोमवार (24 मार्च) को दावा किया कि भारत और चीन कनाडा में अप्रैल महीने में होने वाले आम चुनाव में दखल दे सकते हैं. चुनाव को प्रभावित करने के लिए भारत, चीन रूस औऱ पाकिस्तान पूरी कोशिश कर सकते हैं.
पहले भी कनाडा लगा चुका है आरोप
कनाडाई सुरक्षा खुफिया सेवा (CSIS) ने ये दावा उस वक्त किया है, जब ओटावा के संबंध नई दिल्ली से बेहद कुछ ठीक नहीं चल रहे हैं. ऐसा पहली बार नहीं है, जब कनाडा ऐसे आरोप भारत पर लगा रहा है. इससे पहले कनाडा ने खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारत का हाथ होने का आरोप भी लगा चुका है. कनाडा भारत विरोधी खालिस्तानी समर्थकों को संरक्षण देने के साथ ही बढ़ावा देता रहा है.
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चीन पर भी दखल देने का किया दावा
खुफिया एजेंसी के उप निदेशक वैनेसा लॉयड ने कहा कि शत्रुतापूर्ण सरकारी तत्व चुनावों में हस्तक्षेप के लिए AI जैसे टूल्स का तेजी से फायदा उठा रहे हैं. न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने उप निदेशक के हवाले से लिखा है कि “इस बात का पूरा अंदेशा है कि पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना कनाडा में होने वाले आम चुनाव में दखल देने के लिए आर्टिफिशियल से लैस उपकरणों का उपयोग करेगा.” उन्होंने कहा, “हमने यह भी देखा है कि भारत सरकार के पास कनाडाई समुदायों और लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में हस्तक्षेप करने की मंशा और क्षमता है.”
-भारत एक्सप्रेस
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