गाजा पट्टी में दो साल से चल रही जंग के बाद आखिरकार इजराइल और हमास के बीच युद्धविराम लागू हो गया है. मिस्र में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया के 20 नेताओं की मौजूदगी में गाजा पीस डील पर हस्ताक्षर किए. इस डील को लेकर उम्मीदें तो हैं लेकिन अभी भी कई अहम मुद्दों पर सहमति नहीं बन पाई है.
कब हुई थी युद्ध की शुरुआत?
युद्ध की शुरुआत 7 अक्टूबर 2023 को हुई थी जब हमास ने इजराइल पर हमला किया. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच लगातार संघर्ष चलता रहा. अब जब युद्धविराम लागू हो गया है तो डील के पहले चरण में कुछ अहम फैसले लिए गए हैं.
पहले चरण में क्या हुआ?
युद्धविराम लागू- शुक्रवार से इजराइल और हमास के बीच सैन्य कार्रवाई पूरी तरह बंद हो गई है. गाजा सिटी में लोग लौटने लगे हैं.
सेना की वापसी- इजराइल ने गाजा के 53% हिस्से से सेना हटा ली है. आगे 40% और फिर 15% हिस्से से भी वापसी की योजना है.
बंधकों की रिहाई- हमास ने 20 जीवित इजराइली बंधकों को रिहा किया है. साथ ही 28 मृतकों के शव भी लौटाए जाएंगे. इजराइल ने 250 फिलिस्तीनी कैदियों और 1,700 हिरासत में लिए लोगों को रिहा किया है.
मानवीय सहायता- गाजा में रोजाना 600 ट्रकों से राहत सामग्री भेजी जाएगी. पानी, बिजली, अस्पताल और सड़कें बहाल की जाएंगी.
अब भी उलझे हैं ये 5 बड़े मुद्दे
1. हमास के हथियार डालने का मुद्दा
ट्रंप की डील में साफ कहा गया है कि हमास को अपने हथियार छोड़ने होंगे. एक निगरानी टीम गाजा में Disarmament की प्रक्रिया देखेगी. लेकिन हमास ने इस शर्त पर अभी तक हामी नहीं भरी है.
2. मृत बंधकों और 7 लोगों की मांग
हमास ने इजराइल से 7 लोगों की रिहाई की मांग की है, जिन्हें इजराइल आतंकी मानता है. इस पर दोनों पक्षों में अभी भी गहमागहमी बनी हुई है.
3. हमास की राजनीतिक भूमिका
डील में यह भी कहा गया है कि भविष्य की गाजा सरकार में हमास की कोई भूमिका नहीं होगी. अगर हमास यह मान लेता है, तो वह पूरी तरह गाजा की राजनीति से बाहर हो जाएगा. इस पर भी सहमति नहीं बनी है.
4. कबिलाईयों की स्थिति
ट्रंप की योजना में कबिलाईयों की सुरक्षा और भलाई पर जोर दिया गया है, लेकिन इस पर अमल कैसे होगा, यह अभी साफ नहीं है.
5. फिलिस्तीन देश का गठन
डील में कहा गया है कि गाजा में एक अस्थायी प्रशासन केंद्र बनेगा जिसे एक तकनीकी और गैर राजनीतिक समिति चलाएगी. यह समिति ट्रंप के नेतृत्व वाले अंतरराष्ट्रीय बोर्ड के तहत काम करेगी. इस समिति में फिलहाल सिर्फ टोनी ब्लेयर का नाम सामने आया है. लेकिन यह अभी भी स्पष्ट नहीं है कि फिलिस्तीन देश कब और कैसे बनेगा?
युद्धविराम लागू हो चुका है और पहला चरण शुरू हो गया है लेकिन डील के बाकी हिस्सों पर अभी बातचीत जारी है. ट्रंप ने कहा है कि दूसरे चरण पर जल्द सहमति बनाने की कोशिश की जा रही है. फिलहाल, दुनिया की नजरें गाजा पर टिकी हैं कि क्या यह शांति लंबे समय तक टिक पाएगी या फिर कोई नया मोड़ आएगा.
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-भारत एक्सप्रेस
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