पीएम मोदी को बुधवार को इटली के रोम स्थित खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) मुख्यालय में आयोजित एक समारोह में वर्ष 2026 का ‘एग्रीकोला मेडल’ प्रदान किया गया. यह एफएओ का सर्वोच्च सम्मान है. एफएओ के महानिदेशक ने ऐतिहासिक एफएओ प्लेनरी हॉल में प्रधानमंत्री मोदी को यह पदक प्रदान किया. संगठन के अनुसार, यह सम्मान खाद्य सुरक्षा, कृषि विकास और किसानों के कल्याण में उनके योगदान के लिए दिया गया.
प्रधानमंत्री को बधाई देते हुए क्यू डोंग्यू ने कहा कि यह सम्मान कृषि उत्पादकता बढ़ाने, खाद्य सुरक्षा मजबूत करने और किसानों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है.
किसान-केंद्रित योजनाओं की सराहना
उन्होंने भूख और गरीबी से लड़ने, सार्वभौमिक खाद्य सुरक्षा को बढ़ावा देने और संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों को आगे बढ़ाने में एफएओ के प्रयासों के लिए भारत के सहयोग की भी सराहना की. एफएओ प्रमुख ने किसान-केंद्रित और तकनीक आधारित योजनाओं के जरिए भारत की कृषि व्यवस्था में बदलाव लाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की प्रशंसा की. उन्होंने भारत की बड़ी खाद्य और कृषि योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि कोविड-19 महामारी के बाद से लगभग 80 करोड़ लोगों को खाद्य सहायता दी गई और 11 करोड़ से अधिक किसानों को सीधे आर्थिक सहायता पहुंचाई गई.
मिलेट्स और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की तारीफ
क्यू डोंग्यू ने प्राकृतिक और टिकाऊ खेती को बढ़ावा देने के भारत के प्रयासों की भी सराहना की. उन्होंने एफएओ के साथ मिलकर ‘इंटरनेशनल ईयर ऑफ मिलेट्स’ के जरिए पौष्टिक मोटे अनाज को वैश्विक स्तर पर बढ़ावा देने की पहल की तारीफ की. उन्होंने जी20 अध्यक्षता के दौरान डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारत के जोर को भी महत्वपूर्ण बताया. उनके अनुसार, इससे विकासशील देशों में डिजिटल तकनीक तक पहुंच बढ़ाने और सेवाओं को अधिक प्रभावी ढंग से लोगों तक पहुंचाने में मदद मिली है. एफएओ प्रमुख ने कहा कि इन लगातार प्रयासों की वजह से भारत में लाखों लोगों को गरीबी से बाहर निकालने में बड़ी मदद मिली है.
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