Bharat Express DD Free Dish

भारत का अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट इकोसिस्टम बढ़कर 23 लाख करोड़ रुपए से अधिक के एसेट्स तक पहुंचा

भारत का अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट इकोसिस्टम एक नए दौर में प्रवेश कर चुका है, जहां बीते 10 वर्षों में सितंबर 2025 तक पोर्टफोलियो मैनेजमेंट सर्विस (PMS) और अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड (AIF) मिलकर एसेट्स में 23 लाख करोड़ का आंकड़ा पार कर लिया है.

India Alternative Investment

भारत का अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट इकोसिस्टम एक नए दौर में प्रवेश कर चुका है, जहां बीते 10 वर्षों में सितंबर 2025 तक पोर्टफोलियो मैनेजमेंट सर्विस (PMS) और अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड (एआईएफ) मिलकर एसेट्स में 23 लाख करोड़ रुपए का आंकड़ा पार कर लिया है. यह जानकारी शुक्रवार को आई एक रिपोर्ट में दी गई.

बीते 10 वर्षों में ये निवेश 31.24 प्रतिशत के एक महत्वपूर्ण सीएजीआर वृद्धि के साथ 1.54 लाख करोड़ से 23.43 लाख करोड़ रुपए तक बढ़े हैं. पीएमएस बाजार की ओर से जारी डेटा के अनुसार, यह बड़ा बदलाव तब देखा जा रहा है जब ग्लोबल मैक्रो अनिश्चितता निवेशकों को ट्रेडिशनल इक्विटी और डेट इंस्ट्रूमेंट से आगे बढ़ने को लेकर प्रेरित कर रही है.

पीएमएस इंडस्ट्री करीब 7 गुना बढ़ गई है. एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (एयूएम) सितंबर 2015 के 1.27 लाख करोड़ रुपए से इस वर्ष सितंबर में बढ़कर 8.37 लाख करोड़ रुपए हो गया है, जो 10 वर्षों के 20.75 प्रतिशत के सीएजीआर को दर्शाता है.

यह वृद्धि भारत के इन्वेस्टमेंट इकोसिस्टम के मैच्योर होने को दर्शाता है, जिसमें सेबी रजिस्टर्ड पोर्टफोलियो मैनेजर्स की संख्या बढ़कर 495 हो गई है.

भारत के अल्ट्रा-रिच और HNI इन्वेस्टर तेजी से बढ़ रहे हैं

AIF सेगमेंट एक तेज गति को दर्शा रहा है. जहां कुल एआईएफ कमिटमेंट्स सितंबर 2015 के 27,484 करोड़ रुपए से बढ़कर इस वर्ष सितंबर में 15.05 लाख करोड़ हो गए है, जो कि 49.23 प्रतिशत के शानदार सीएजीआर को दर्शाता है.

PMS बाजार के फाउंडर और डायरेक्टर आर. पल्लवराजन ने कहा, “भारत के अल्ट्रा-रिच और HNI इन्वेस्टर तेजी से बढ़ रहे हैं और अल्फा के विश्वसनीय सोर्स और डायवर्सिफिकेशन को चुन रहे हैं. पीएमएस और एआईएफ प्लेटफॉर्म निवेशकों को कनविन्स्ड-लेड, स्ट्रेटेजी-ड्रिवन पोर्टफोलियो को एक्सेस करने की सुविधा दे रहे हैं, जो कि आज के कॉम्प्लेक्स मार्केट एनवायरमेंट पर बने हैं.”

कंपनी ने AIF बाजार भी लॉन्च किया है, जो अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड की ट्रांसपेरेंसी और पहुंच बढ़ाने के लिए डिजाइन एक डेडिकेटेड प्लेटफॉर्म है. रिपोर्ट बताती है कि सभी एआईएफ कैटेगरी में कैटेगरी II एआईएफ ने 54.24 प्रतिशत के सीएजीआर के साथ 14,707 करोड़ रुपए से बढ़कर 11,20,589 करोड़ से ऊपर की छलांग लगा चुका है.


ये भी पढ़ें: नई GDP सीरीज पर केंद्र सरकार का बड़ा फैसला, अब बदल जाएगा देश की आर्थिक ग्रोथ मापने का तरीका, जानें क्या बदलने वाला होंगे


-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read