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Kolkata Gangrape Case: लॉ स्टूडेंट से गैंगरेप के तीनों आरोपी गिरफ्तार, भाजपा ने ममता सरकार पर साधा निशाना

कथित यौन उत्पीड़न बुधवार को शाम 7:30 बजे से 10:50 बजे के बीच लॉ कॉलेज परिसर में हुआ. अधिकारी के अनुसार, आरोपियों में से एक ने कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किया, जबकि अन्य अपराध में शामिल थे.

Law Student

सांकेतिक तस्वीर.

कोलकाता के कस्बा में बुधवार शाम को एक लॉ कॉलेज के अंदर एक छात्रा (Law Student) के साथ हुए सामूहिक बलात्कार के मामले में पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने 24 घंटे के भीतर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है. तीनों आरोपियों के नाम मोनोजीत मिश्रा, जैब अहमद और प्रमित मुखोपाध्याय हैं, जो उसी लॉ कॉलेज के पूर्व छात्र या कर्मचारी थे.

पुलिस के अनुसार, एफआईआर में नामजद आरोपियों को मामले की उचित जांच के उद्देश्य से पुलिस हिरासत में भेजने के लिए दक्षिण 24 परगना के अलीपुर के एसीजेएम के समक्ष पेश किया जाएगा. कथित यौन उत्पीड़न बुधवार को शाम 7:30 बजे से 10:50 बजे के बीच लॉ कॉलेज परिसर में हुआ. अधिकारी के अनुसार, आरोपियों में से एक ने कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किया, जबकि अन्य अपराध में शामिल थे. पीड़िता (Law Student) के परिवार ने आरोपियों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई और पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई की है.

पुलिस ने कहां से किया गिरफ्तार?

गुरुवार को कोलकाता के तालबगान क्रॉसिंग के पास सिद्धार्थ शंकर रॉय शिशु उद्यान के पास से दो आरोपियों मोनोजीत मिश्रा और जैब अहमद को गिरफ्तार किया गया. प्रमित मुखोपाध्याय को उसी रात उसके आवास से गिरफ्तार किया गया. पुलिस ने तीनों आरोपियों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए हैं. अधिकारी घटनास्थल पर गए थे और फोरेंसिक जांच होने तक उसे सुरक्षित रखा है. उन्होंने आगे की जांच के लिए हिरासत में लेने का अनुरोध किया. पीड़िता की प्रारंभिक चिकित्सा जांच कोलकाता के सीएनएमसी अस्पताल में की गई और प्रमुख गवाहों के बयान दर्ज किए गए.

बीजेपी ने ममता सरकार पर बोला हमला

इस घटना के बाद भाजपा ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि बंगाल में इस तरह के अपराध लगातार बढ़ रहे हैं. एक्स पर एक पोस्ट में, भाजपा नेता अमित मालवीय ने कहा, “भयानक! 25 जून को कोलकाता के उपनगर कस्बा में एक लॉ कॉलेज के अंदर एक महिला लॉ छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार किया गया, और यह कोई और नहीं बल्कि एक पूर्व छात्र और कॉलेज के दो कर्मचारी थे. चौंकाने वाली बात यह है कि रिपोर्ट बताती है कि इसमें एक टीएमसी सदस्य भी शामिल है. आरजी कर का खौफ अभी भी कम नहीं हुआ है, और फिर भी बंगाल में इस तरह के जघन्य अपराध रोज़ाना बढ़ रहे हैं.”

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मालवीय ने आगे कहा, “ममता बनर्जी के शासन में, पश्चिम बंगाल महिलाओं के लिए एक बुरा सपना बन गया है. बलात्कार एक आम त्रासदी बन गई है. भाजपा पीड़िता और उसके परिवार के साथ खड़ी है. हम दंड से बचने की इस संस्कृति को खत्म करने के लिए दृढ़ हैं. हम तब तक चैन से नहीं बैठेंगे जब तक हर अपराधी को सजा नहीं मिल जाती.”

-भारत एक्सप्रेस



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