Bharat Express DD Free Dish
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital

Chandrayaan Mission: मायूसी के आंसू से इतिहास रचने तक का सफर, चार सालों में चंद्रयान-3 ने ऐसे बदली तस्वीर, PM मोदी बोले- ये क्षण विकसित भारत के शंखनाद का है

भारत ने चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग चांद की सतह पर कराकर अंतरिक्ष की दुनिया में एक नया आयाम स्थापित कर दिया है. सॉफ्ट लैंडिंग के साथ ही भारत ऐसा करने वाला दुनिया का चौथा देश बन गया है.

चंद्रयान मिशन का सफर

भारत ने चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग चांद की सतह पर कराकर अंतरिक्ष की दुनिया में एक नया आयाम स्थापित कर दिया है. सॉफ्ट लैंडिंग के साथ ही भारत ऐसा करने वाला दुनिया का चौथा देश बन गया है. इस सफलता पर पूरी दुनिया से इसरो के वैज्ञानिकों को बधाइयां मिल रही हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साउथ अफ्रीका से इसरो चीफ को फोन करके उनकी पूरी टीम को बधाई दी, लेकिन ये सब जब घटित हो रहा था तो उस समय लोगों के जेहन में एक और तस्वीर उभर कर सामने आ रही थी. वो तस्वीर थी, 2019 की, जब चंद्रयान-2 का संपर्क लैंडिंग के समय इसरो से टूट गया था.

मिशन फेल होने पर भावुक हुए थे के. सिवन

लैंडिंग से पहले संपर्क टूटने से तत्कालीन इसरो चीफ के. सिवन भावुक हो गए थे. जिसके बाद पीएम मोदी ने खुद इसरो चीफ सिवन को गले लगाकर उन्हें सांत्वना दी थी. पीएम मोदी ने उस समय ये भी कहा था कि विज्ञान में कुछ भी नाकामी जैसी चीज नहीं होती है, बल्कि हर कदम पर एक नया प्रयोग होता है. पीएम मोदी और के. सिवन की इन तस्वीरों को पूरे देश में लोगों ने खूब शेयर किया था. मिशन असफल होने से पूरा देश मायूस हो गया था.

यह भी पढ़ें- Chandrayaan-3: लैंडर से बाहर निकलकर ‘प्रज्ञान’ ने किया ‘मून वॉक’, चांद की सतह पर छोड़े अशोक स्तंभ और ISRO के निशान

लेकिन कहते हैं कि हौसल और जज्बे से किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है. बीते चार सालों में इसरो के वैज्ञानिकों ने बुलंद इरादों और कभी न टूटने वाले हौसले के साथ आगे बढ़ते रहे. जिसका अंजाम 23 अगस्त को पूरी दुनिया ने देखा. भारत अंतरिक्ष की दुनिया में महाशक्ति बनकर स्थापित हो गया है.

पीएम मोदी ने देश को किया संबोधित

इस सफलता पर पीएम मोदी ने साउथ अफ्रीका के जोहान्सबर्ग से भारतीयों को संबोधित किया. पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि ” जब हम अपनी आंखों से ऐसे इतिहास को बनते हुए देखते हैं तो जीवन धन्य हो जाता है. ऐसी ऐतिहासिक घटनाएं राष्ट्रीय जीवन की चिरंजीवी चेतना बन जाती हैं. ये पल अविश्वनीय है. ये क्षण अद्भुत है, ये क्षण विकसित भारत के शंखनाद का है, मुश्किलों के महासागर को पार करने का है, जीत के पथ पर चलने का है. ये देश के 140 करोड़ धड़कनों के सामर्थ्य का है, ये पल भारत के उदयमान भाग्य के आह्वान का है.

पीएम बोले- आज से बहुत सारे मिथक बदल जाएंगे

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में इसरो के वैज्ञानिकों को बधाई देते हुए कहा कि ” इसरो और देश के सभी वैज्ञानिकों को जी-जान से बहुत-बहुत बधाई, जिन्होंने इस पल के लिए वर्षों तक परिश्रम किया है. पीएम ने कहा कि आज से बहुत सारे मिथक बदल जाएंगे. नई पीढ़ी की कहावतें बदल जाएंगी. भारत में तो हम सभी लोग धरती को मां कहते हैं और चांद को मामा बुलाते हैं. कभी कहा जाता था चंदा मामा बहुत दूर के हैं. अब एक दिन वो भी आएगा जब बच्चे कहा करेंगे चंदा मामा बस एक टूर के हैं.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital