Bharat Express DD Free Dish

कर्नल ताहिर मुस्तफा बने जामिया हमदर्द के नए रजिस्ट्रार, सैन्य अनुभवी अधिकारी संकट के दौर में प्रतिष्ठित संस्थान को प्रशासनिक दक्षता प्रदान करेंगे

भारतीय सेना के सेवारत अधिकारी कर्नल ताहिर मुस्तफा (Colonel Tahir Mustafa) को शनिवार (26 जुलाई) जारी आधिकारिक अधिसूचना के साथ जामिया हमदर्द का नया रजिस्ट्रार नियुक्त किया गया है.

Jamia Hamdard New VC

Jamia Hamdard New Registrar: भारतीय सेना के सेवारत अधिकारी कर्नल ताहिर मुस्तफा को शनिवार (26 जुलाई) जारी आधिकारिक अधिसूचना के साथ जामिया हमदर्द का नया रजिस्ट्रार नियुक्त किया गया है. यह नियुक्ति प्रतिनियुक्ति के आधार पर हुई है, जिसमें विश्वविद्यालय प्रशासन ने विश्वास जताया है कि उनकी रणनीतिक कुशलता और परिचालन अनुभव संस्थान के प्रशासनिक ढांचे में नई ऊर्जा भरेंगे.

कर्नल ताहिर मुस्तफा के पास व्यापक अनुभव

कर्नल मुस्तफा (Colonel Tahir Mustafa) सैन्य प्रशासन, रणनीतिक योजना और तकनीकी सेवाओं के क्षेत्र में व्यापक विशेषज्ञता लेकर आते हैं. रक्षा मंत्रालय के अंतर्गत केंद्रीय स्वचालित सैन्य सर्वेक्षण (सीएएमएस) में अपने कार्यकाल के दौरान, उन्होंने भू-स्थानिक डेटा प्रणालियों, सैन्य मानचित्रण और स्वचालित सर्वेक्षण परियोजनाओं में महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभाई हैं. उनकी नियुक्ति से विश्वविद्यालय में प्रशासनिक पारदर्शिता, परिचालन दक्षता और शैक्षणिक मानकों में वृद्धि की अपेक्षा की जा रही है.

हमदर्द विश्वविद्यालय को संकट का सामना

यह नियुक्ति जामिया हमदर्द के लिए एक नाजुक मोड़ पर हुई है, जहाँ हाल ही में 2025-26 शैक्षणिक सत्र के लिए सभी 150 एमबीबीएस और 49 स्नातकोत्तर चिकित्सा सीटों को वापस ले लिया गया था. यह विवादास्पद निर्णय – जो राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) की काउंसलिंग के 21 जुलाई से प्रारंभ होने के बाद लिया गया – हमदर्द इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च (एचआईएमएसआर) में वित्तीय अनियमितताओं और प्रशासनिक विवादों के कारण हुआ है.

कर्नल ताहिर मुस्तफा को लेने हँगे महत्वपूर्ण फैसले!आगे की चुनौतियां

रजिस्ट्रार के रूप में कर्नल मुस्तफा को दोहरी चुनौती का सामना करना होगा – आकांक्षी चिकित्सा शिक्षा कार्यक्रमों को पुनर्जीवित करने के साथ-साथ संस्थागत शासन संबंधी मुद्दों का समाधान करना. अपने संकट प्रबंधन कौशल के लिए जाने जाने वाले इस अधिकारी को निम्नलिखित कार्य करने होंगे:

  • रद्द की गई चिकित्सा प्रवेश प्रक्रिया के परिणामों का प्रबंधन
  • भ्रष्टाचार विरोधी उपायों को लागू करना
  • संस्थान में हितधारकों का विश्वास पुनर्स्थापित करना

“इस समय विश्वविद्यालय को सर्जिकल सुधारों और रणनीतिक दृष्टि दोनों की आवश्यकता है,” भारत एक्सप्रेस को एक वरिष्ठ शिक्षक ने बताया. “कर्नल मुस्तफा का जटिल परिचालन वातावरण में कार्य करने का अनुभव उन्हें इस परिवर्तनकारी भूमिका के लिए विशेष रूप से उपयुक्त बनाता है.”

इस नियुक्ति ने शैक्षणिक हलकों में ध्यान आकर्षित किया है, जहां कई लोग इसे संस्थान के लिए एक संभावित मोड़ के रूप में देख रहे हैं. जब जामिया हमदर्द अपने हाल के वर्षों के सबसे गंभीर संस्थागत संकट से जूझ रहा है, सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि यह सैन्य प्रशासक संस्थान को स्थिरता और उत्कृष्टता की ओर कैसे ले जाता है.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read