Missing Krishna Idol Gwalior Case:मनोज चौबे/ग्वालियर: मध्य प्रदेश के ग्वालियर से पुलिस का एक ऐसा अनोखा मिशन सामने आया है, जिसकी हर तरफ चर्चा हो रही है. इस बार पुलिस किसी शातिर अपराधी या गैंगस्टर की तलाश में नहीं, बल्कि भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप ‘लड्डू गोपाल’ को खोजने के मिशन पर निकली है. इसके लिए बाकायदा एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) का गठन किया गया है.
ग्वालियर की विजया शर्मा के 20 साल पुराने ‘लड्डू गोपाल’ बाजार में खो गए थे. 5 महीने तक भटकने और पुलिस थानों के चक्कर काटने के बाद, जब वह ग्वालियर आईजी अरविंद सक्सेना के पास पहुंचीं, तो उनकी गुहार सुनकर आईजी ने मूर्ति की तलाश के लिए एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) का गठन कर दिया. तीन थानों की पुलिस अब इस अनोखे सर्च मिशन में जुट गई है.
20 साल पुराने लड्डू गोपाल बाजार में खो गए (IG Arvind Saxena Laddu Gopal)
अलका पुरी की रहने वाली विजया शर्मा के 20 साल पुराने लड्डू गोपाल बीते 29 जनवरी को माधौगंज बाजार की भीड़ में कहीं खो गए थे. विजया इस मूर्ति को अपना भाई और 5 साल पहले गुजर चुकीं अपनी मां की आखिरी निशानी मानती हैं. मूर्ति खोने के बाद से वह गहरे मानसिक तनाव में हैं. उन्होंने पिछले 5 महीनों से बाजारों की खाक छानी और मूर्ति लौटाने वाले को 5,000 रुपये इनाम देने की घोषणा भी की.
पुलिस टीम अनोखे सर्च मिशन में जुटी (MP unique police investigation)
स्थानीय पुलिस द्वारा हाथ खड़े करने के बाद विजया ने ग्वालियर संभाग के आईजी (IG) अरविंद सक्सेना से गुहार लगाई. महिला की अगाध भक्ति और पीड़ा देखकर आईजी भावुक हो गए. उन्होंने तुरंत एक्शन लेते हुए सीएसपी किरण अहिरवार के नेतृत्व में एक SIT गठित कर दी. इस विशेष टीम में तीन थानों (कोतवाली, जनकगंज और माधौगंज) के थाना प्रभारी और 6 अनुभवी पुलिसकर्मियों को शामिल किया गया है, जो अब इस अनोखे सर्च मिशन में जुटे हैं.
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-भारत एक्सप्रेस
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