Cyber Crime Jaipur
Cyber Crime Jaipur: जयपुर पुलिस ने फर्जी ई-मित्र रिटेलर आईडी दिलाने के नाम पर चल रहे साइबर फ्रॉड कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया है. जगतपुरा स्थित एबीएस प्लाजा में संचालित इस गिरोह पर रामनगरिया थाना, सीएसटी और साइबर पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जबकि एक नाबालिग को किशोर न्याय बोर्ड भेजा गया.
पुलिस ने मौके से 8 लैपटॉप, 9 मोबाइल फोन, 6 चार्जर और एक कार जब्त की है. शुरुआती जांच में सामने आया कि आरोपी लोगों को ई-मित्र रिटेलर आईडी दिलाने का झांसा देकर QR Code और UPI के जरिए पैसे वसूलते थे. भुगतान के बाद दी जाने वाली आईडी से कोई वास्तविक सेवा उपलब्ध नहीं होती थी.

फर्जी पोर्टल के जरिये करते थे ठगी
गिरोह कथित तौर पर एक फर्जी पोर्टल, साझा ईमेल आईडी, मोबाइल डेटा शीट और WhatsApp “Payment Group” के जरिए साइबर ठगी को अंजाम दे रहा था. कॉल सेंटर में युवक-युवतियां लैपटॉप और मोबाइल के जरिए लोगों से संपर्क कर उन्हें सरकारी सेवा का भरोसा दिलाते थे.
पुलिस के अनुसार इस पूरे रैकेट का एक मुख्य संचालक फरार है, जिसने कॉल सेंटर का सेटअप, सिम, पोर्टल और पेमेंट सिस्टम उपलब्ध कराया था. उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है.
पुलिस ने रिमांड पर लिया
गिरफ्तार 4 पुरुष आरोपियों को 29 मई तक पुलिस रिमांड पर भेजा गया है, जबकि 5 महिला आरोपियों को न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है.
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पुलिस आयुक्तालय ने आमजन से अपील की है कि ई-मित्र, CSC, फ्रेंचाइजी, नौकरी या ऑनलाइन लाइसेंस के नाम पर आने वाली कॉल, WhatsApp लिंक, QR Code और संदिग्ध वेबसाइटों से सावधान रहें. किसी भी प्रकार की साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत 1930 हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं.
-भारत एक्सप्रेस
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